ब्रेकिंग
मुरैना युवती को प्रेम जाल में फंसाया, दुष्कर्म किया, वीडियो बनाकर ब्लैकमेल भी तमिलनाडु से मुरैना तक क्राइम का सफर: ₹19 लाख की चोरी की क्रेटा कार के साथ शातिर गिरफ्तार मुरैना सीएनजी टेस्ट क्या फेल हुआ, सिरफिरे ने पेट्रोल पंप पर गोलियां बरसा दीं एक आरोपी गिरफ्तार थाना अम्बाह: एक्सीडेंट में घायल युवक की इलाज के दौरान मौत थाना टेटरा: सर्पदंश से इलाज के दौरान महिला की दर्दनाक मौत भिंड में स्कूली बस और डंपर की टक्कर, सात बच्चे घायल मुरैना में राठी हॉस्पिटल पर हंगामा: इलाज के दौरान महिला की मौत पुलिस बल मौके पर खाकी की साठगांठ या लाचारी? डायल 112 के सामने से निकलते रहे रेत के ट्रैक्टर, एसपी की सख्ती पर 2 आरक्ष... उज्जैन में 11वीं की छात्रा की संदिग्ध मौत: लव जिहाद के आरोप पर हंगामा, सड़क पर शव रखकर चक्काजाम और अ... मुरैना मेडिकल स्टोरों पर औषधि प्रशासन की कार्रवाई तीन मेडिकल स्टोरों के लाइसेंस निलंबित
दिल्ली NCR

PFI का शाहीन बाग और जामिया से निकला कनेक्शन

नई दिल्ली । गैरकानूनी संस्था घोषित होने के साथ ही पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया को आगामी 5 साल के लिए बैन कर दिया गया है। पिछले कई दिनों की छापेमारी में सबूतों के मिलने के बाद केंद्र सरकार ने यह अहम फैसला लिया है।पीएफआइ ने वैसे तो पूरी दिल्ली में अपनी जड़ें फैला रखी हैं, लेकिन शाहीनबाग और जामिया थाना क्षेत्र इनका गढ़ बन चुका है। इसके अलावा उत्तर और पूर्वी जिले में भी यह संगठन तेजी के साथ अपना विस्तार करने में जुटा हुआ था। यह बात दिल्ली पुलिस की कार्रवाई के बाद सामने आई है।दिल्ली पुलिस ने जिन तीस सदस्यों को पकड़ा है। उनमें सबसे अधिक इन्हीं क्षेत्रों से दबोचे गए हैं। सूत्र बताते हैं कि इन जिलों में पीएफआइ ने जोन स्तर के कार्यालय भी बना रखे हैं, जिनमें तीन से पांच जिलों के सदस्यों की बैठक होती थी।
सुरक्षा एजेंसियों से दिल्ली पुलिस को इनपुट मिला था कि कार्रवाई के दौरान हिंसा हो सकती है। इसे देखते हुए पूरे इलाके में बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों व अर्धसैनिक बल को तैनात किया गया था। छापेमारी वाले इलाके में लोगों को प्रवेश नहीं दिया जा रहा था। इन गलियों में जिन लोगों के घर हैं, उनकी एंट्री करने के बाद प्रवेश दिया गया।उधर, राजधानी दिल्ली में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए कार्रवाई से पहले ही सर्कुलर जारी कर जामिया मिल्लिया के छात्रों को किसी भी तरह के प्रदर्शन में शामिल नहीं होने की चेतावनी दे दी गई। दक्षिण-पूर्वी जिले में 19 सितंबर से 17 नवंबर तक धारा 144 लागू रहेगी, इसलिए हर तरह के प्रदर्शन और आंदोलन पर यहां रोक है। इसके उल्लंघन पर कार्रवाई होगी।

Related Articles

Back to top button