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दिल्ली NCR

डेटिंग ऐप से बनाते थे महिलाओं को शिकार, पांच नाइजीरियाई और एक भूटानी महिला गिरफ्तार

नोएडा । नोएडा के थाना सेक्टर 20 पुलिस और साइबर सेल ने ऑनलाइन चैटिंग ऐप के माध्यम से महिलाओं से दोस्ती कर कस्टम के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह का पदार्फाश किया है। पुलिस ने इस दौरान 6 शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से पांच नाइजीरियाई मूल के आरोपी हैं। एक भूटानी मूल की महिला है। पुलिस ने इन लोगों के कब्जे से 3 लैपटॉप, 17 मोबाइल फोन, 40 हजार की नकदी और तीन पासपोर्ट बरामद किए हैं। पुलिस ने इस दौरान मूल रूप से नाइजीरिया के रहने वाले ओकोली स्टीफन, ओकोसिंधी माइकल, उमादी रोलेंड, ओकोली डेनियल, ओकोली प्रोसपर को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपी दनकौर थाना क्षेत्र के सुपरटेक इकोविलेज गोल्फ कंट्री में रह रहे थे।
नोएडा के डीसीपी हरिश्चंद्र ने बताया कि इन लोगों का एक संगठित गिरोह है, यह मूल रूप से नाइजीरिया देश के निवासी हैं, जो भारत में वर्ष 2021 में पढ़ाई एवं इलाज के वीजा पर आए थे, इनके वीजा की वैधता अवधि 2021 के 6 माह बाद समाप्त हो चुकी थी। वैधता अवधि समाप्त होने के बाद भी यह आरोपी अपने मूल देश वापस नहीं गए और संगठित अपराध करने लगे। आरोपियों ने विभिन्न डेटिंग एप का इस्तेमाल कर अपनी फेक प्रोफाइल तैयार की। अपने आप को प्लास्टिक सर्जन एवं स्वयं को भारत का मूल निवासी बताकर महिलाओं से मित्रता करना शुरू कर दी।
योजना के अनुसार इन लोगों ने खुद को भारत आने पर एयरपोर्ट पर स्वयं को कस्टम चेंकिग के दौरान विदेशी मुद्रा लाने के नाम पर पकड़े जाने की फर्जी कहानी तैयार कर लेते। इसके बाद इन्हीं के गिरोह की महिला अपराधी द्वारा कस्टम ऑफिसर बनकर अपने जाल में फंसाई गई महिला को कस्टम द्वारा पकड़े गए व्यक्ति को छुड़ाने के नाम पर कस्टम डयूटी के रूप में रुपये लेकर ठगी की जाती है। आरोपियों ने भारतीय महिलाओं के अतिरिक्त विभिन्न देशों जैसे पुर्तगाल, स्वीडन, नीदरलैंड आदि देशों की महिलाओं के साथ मित्रता कर उनके साथ इसी प्रकार की ठगी की। आरोपियों ने ठगी से प्राप्त पैसे विभिन्न फर्जी खातों में ट्रान्सफर कर अपने देश नाइजीरिया की करेंसी नायरा में परिवर्तित कर अपने शौक पूरे किए। अपराधियों के खातों से मिली करीब 1 लाख 25 रुपये की धनराशी को फ्रीज किया गया है।

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