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मध्यप्रदेश

मोबाइल व्यवसायी सुसाइड केस में सिपाई और महिला पर एफआइआर

इंदौर। मोबाइल व्यवसायी राजीव शर्मा सुसाइड केस में भंवरकुआं पुलिस ने दो लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपितों के कारण राजीव ने एक होटल में फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली थी। मामले में पुलिस ने स्पेशल टास्क फोर्स के सिपाही प्रशांतसिंह परिहार और महिला को जिम्मेदार बताया है। राजीव के स्वजन ने पुलिस आयुक्त को इस मामले की शिकायत दर्ज करवाई थी।

भंवरकुआं पुलिस के मुताबिक, रायल बंगलो एबी रोड़ (राऊ) निवासी 41 वर्षीय राजीव पुत्र सुधीर प्रसाद शर्मा ने 15 जून को एबी रोड़ स्थित होटल ग्रैंडराज में खुदकुशी की थी। मामले में टीआइ राजकुमार यादव ने जांच की और गुरुवार रात प्रशांतसिंह परिहार निवासी हाईराइज बिल्डिंग 15वीं वाहिनी और नर्मदा बाई निवासी बिजलपुर के खिलाफ धारा 306 व 34 के तहत केस दर्ज कर लिया।

सुसाइड नोट में लिखा एसआइ और व्यवसायी का नाम

मूलत: मुरादाबाद जिला गाजियाबाद, उप्र निवासी राजीव शर्मा मोबाइल का व्यवसाय करते थे। उनके खिलाफ राऊ थाना में धोखाधड़ी का केस भी दर्ज हुआ था। इस मामले में राऊ थाने के तत्कालीन एसआइ महेश चौहान द्वारा जांच की गई थी। राजीव द्वारा जो सुसाइड नोट लिखा गया उसमें महेश चौहान पर भी गंभीर आरोप लगाए गए। राजीव की पत्नी निशा के मुताबिक, नर्मदा बाई साफ सफाई का कार्य करती थी। उसका बेटा विकास राजीव की दुकान पर सेल्समेन की नौकरी करता था। उनके मध्य मकान का अनुबंध हुआ था। बाद में उन्होंने धोखाधड़ी का आरोप लगा कर केस दर्ज करवा दिया।

निशा के मुताबिक, नर्मदा से अप्रैल 2018 में 50 लाख में अनुबंध हुआ था। बयाना पेटे 10 लाख रुपये हाथोंहाथ ले लिए। शेष राशि देने का बोला और कहा कि रजिस्ट्री भी करवा लेगी। नर्मदा ने राजीव और निशा के खिलाफ शिकायत की और कहा कि अनुबंध के मुताबिक, आरोपित पूर्ण भुगतान लेकर भी रजिस्ट्री नहीं कर रहे है। राजीव ने नर्मदाबाई, विकास, जांच अधिकारी महेश चौहान, शोरूम मालिक अशोक गोयल और प्रशांत सिंह के खिलाफ पत्र छोड़ा।

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