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77वें स्वतंत्रता दिवस पर दिव्य धाम आश्रम, दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम ने देशभक्ति व अध्यात्म के प्रति उत्साह को पुनर्जागृत किया

दिल्ली : 77वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर ‘दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान’ द्वारा दिव्य धाम आश्रम, दिल्ली में प्रेरणादायक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस महान अवसर पर, गुरुदेव श्री आशुतोष महाराज जी (संस्थापक एवं संचालक, डीजेजेएस) के दिव्य मार्गदर्शन में प्रचारक शिष्यों, अनुयायियों व सेवकों ने एकत्रित हो स्वतंत्रता सेनानियों व संतों द्वारा स्वतंत्रता संग्राम में दिए गए बलिदानों व अतुलनीय योगदान के प्रति अपनी कृतज्ञता व नमन अर्पित किया। कार्यक्रम का शुभारंभ मातृभूमि को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए झंडा लहराने की प्रथा के साथ किया गया। डीजेजेएस प्रतिनिधियों द्वारा राष्ट्रीय ध्वज फहराने के उपरांत सभी ने राष्ट्र गीत का गायन भी किया गया। कार्यक्रम में देशभक्ति व अध्यात्म रस से परिपूर्ण प्रवचनों एवं भजनों की सुंदर प्रस्तुति की गई। डीजेजेएस के प्रतिनिधियों ने समझाया कि केवल आध्यात्मिक जागरण द्वारा ही आंतरिक स्वतंत्रता प्राप्त की जा सकती है। इसके बाद मनुष्य अपने मन पर विजय प्राप्त करके निर्माणकारी उद्देश्यों के लिए पूर्ण रूप से सज्ज हो जाता है। भक्ति व सेवा के पथ पर विनम्रता, निःस्वार्थ भाव व निर्भयता से आगे बढ़ते रहने के लिए हमें गुरुदेव के आदर्शों का अनुसरण कर अपने भीतर भक्ति गुणों का आह्वान करने का प्रयास करना चाहिए। डीजेजेएस प्रतिनिधि ने समझाया कि आज मानव स्वार्थ व अज्ञानता के कारण अपनी स्वतंत्रता का दुरुपयोग कर रहा है। जब तक आंतरिक जाग्रति से वह मन की गुलामी से स्वतंत्र नहीं होता, तब तक वो बाह्य स्वतंत्रता का भी पूर्ण रूप से सदुपयोग नहीं कर पाता। इस आंतरिक जाग्रति के लिए आवश्यक है समय के पूर्ण सतगुरु से प्राप्त ब्रह्मज्ञान की ध्यान साधना को नियमित रूप से करना। कार्यक्रम की उत्साहपूर्ण तरंगों ने उपस्थित सभी श्रोताओं को निःस्वार्थ भाव व शुभ कर्मों द्वारा मातृभूमि की सेवा करने के लिए प्रोत्साहित किया। ध्यान साधना करते हुए, एकजुट होकर देश के लिए सेवा करने के शुभ संकल्प एवं प्रतिज्ञा के साथ कार्यक्रम को विराम दिया गया।

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