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मध्यप्रदेश

25 की शाम 4.45 बजे लगेगा सूर्यग्रहण, 1 घंटा 12 मिनट रहेगा

खरगोन: 25 अक्टूबर को अमावस्या पर पड़ रही बड़ी दीपावली की रात को चंद्रमा के तो दीदार नहीं होंगे लेकिन इस साल सूरज भी शाम को पूरा साथ नहीं देगा। दोपहर में पूरा दिखने वाला सूरज का गोला शाम होते-होते अर्द्धगोलाकार दिखने लगेगा। इसे यूं भी कहा जा सकता है कि दीपावली पर सूर्य शाम से पहले मद्धम हो जाएगा, ताकि दीपावली पर प्रज्जवलित होने वाले दीप तमस (अंधेरे) का विनाश कर सके। विज्ञान प्रसारक सारिका घारू ने बताया यूरोप के अधिकांश भाग, उत्तरी अफ्रीका के साथ एशिया के पश्चिमी भागों में इसे आंशिक सूर्यग्रहण के रूप में देखा जा सकेगा। भारत में दिखने वाली इस घटना में शाम होने के पहले चंद्रमा, सूरज के आंशिक भाग को ढ़क लेगा। पृथ्वी और सूर्य के बीच चंद्रमा के आ जाने से यहां आंशिक सूर्यग्रहण की घटना दिखाई देगी।सारिका ने बताया कि पृथ्वी के भू भाग पर भारतीय समयानुसार दोपहर 2 बजकर 28 मिनट और 21 सेकंड पर यह ग्रहण आरंभ होगा। शाम 4 बजकर 30 मिनट और 16 सेकंड पर अधिकतम ग्रहण होगा और शाम 6 बजकर 32 मिनट 11 सेकंड पर यह समाप्त होगा। लेकिन भारत में 4 बजे के बाद अलग-अलग भू भाग पर दिखना आरंभ होगा। चूंकि भारत में सूर्यास्त ग्रहण समाप्त होने के पहले ही हो चुका होगा इसलिए यहां ग्रहण सूर्यास्त तक ही दृश्य होगा। सारिका ने बताया कि आगामी 8 नवंबर को आंशिक चंद्रग्रहण होगा। सूर्यग्रहण के दो सप्ताह बाद या पहले हमेशा चंद्रग्रहण होता ही है। यह कोई पहली बार होने वाली घटना नहीं है। इसलिए इसके दुष्प्रभावों की बातें ठीक नहीं है।

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