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उत्तरप्रदेश

ज्ञानवापी मस्जिद विवाद पर बड़ा अपडेट..! एक साथ 5 याचिकाओं पर होगी सुनवाई, इलाहाबाद हाईकोर्ट में होंगे सबूत पेश

इलाहाबाद। ज्ञानवापी परिसर में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ASI के सर्वे से मिलीं खंडित मूर्तियां, चिन्ह, आकृतियां, दरवाजे और घड़े के टुकड़े सहित अन्य सामग्रियां सोमवार को कोषागार के लॉकर में रखवाई गईं। एसएसआई ने प्रमाण के तौर पर 250 से ज्यादा सामग्रियां जुटाई हैं। आज ज्ञानवापी मस्जिद को लेकर 5 याचिकाओं पर इलाहाबाद हाईकोर्ट एक साथ सुनवाई कर रहा है। इनमें से तीन याचिकाएं वाराणसी की अदालत में दाखिल केस की पोषणीयता से जुड़ी हैं। वहीं दो याचिकाएं एएसआई के सर्वेक्षण के खिलाफ दाखिल की गई हैं।

चीफ जस्टिस प्रीतिंकर दिवाकर की सिंगल बेंच इस मामले की सुनवाई कर रही है। बताया गया कि वाराणसी कोर्ट इस मामले की सुनवाई एक साथ कर सकती है या नहीं, हाई कोर्ट को इसी पर फैसला देना है। इससे पहले जिला जज डॉ. अजय कृष्‍ण विश्‍वेशा की अदालत के आदेश के मुताबिक एएसआई ने साक्ष्‍यों और सबूतों को जिलाधिकारी की ओर से नामित अपर जिलाधिकारी प्रोटोकॉल को सौंपी। सभी सामग्रियों को कोषागार के लॉकर रूम में रखा गया है।

ज्ञानवापी में श्रृंगार गौरी के नियमित दर्शन की मांग करने वाली राखी सिंह के आवेदन पर जिला जज ने 14 सितंबर को आदेश दिए थे। जज ने कहा था कि सर्वे के दौरान पूजा पद्धति से संबंधित जो भी सामग्रियां मिले, उन्‍हें एएसआई की टीम जिलाधिकारी या उनके द्वारा नामित अधिकारी को देगी। संबंधित अधिकारी उन सामग्रियों को सुरक्षित रखेंगे और जब भी अदालत तलब करेगी तब साक्ष्‍य प्रस्‍तुत करने होंगे।

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