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मध्यप्रदेश

दूसरी सूची में एससी व एसटी के ज्यादातर प्रत्याशी घोषित कर सकती है भाजपा

भोपाल।39 प्रत्याशी घोषित कर कांग्रेस को चुनावी तैयारियों में पछाड़ने के बाद अब भाजपा दूसरी सूची में अनुसूचित जाति-जनजाति सीटों के ज्यादातर प्रत्याशी घोषित कर देगी। खासतौर पर जिन सुरक्षित सीटों पर कांग्रेस का कब्जा है, उन सीटों के प्रत्याशी घोषित कर दिए जाएंगे। भाजपा ने पहली सूची में भी एससी व एसटी के 21 प्रत्याशी घोषित किए थे। एससी एसटी के लिए प्रदेश में 82 सीटें सुरक्षित हैं, इनमें से 47 एसटी और 35 एससी के लिए सुरक्षित हैं। पार्टी नेताओं का मानना है कि दूसरी सूची में भाजपा बड़ा उलटफेर कर सकती है।

कई हारी हुई सीटों पर नए चेहरों के साथ कई विधायकों का टिकट काट भी जा सकती है। जन आशीर्वाद यात्राएं प्रारंभ होने के कारण दूसरी सूची पर अंतिम दौर की चर्चा नहीं हो पाई है। माना जा रहा है कि इसी या अगले सप्ताह तक सूची को केंद्रीय चुनाव समिति के समक्ष विचार के लिए भेजा जा सकता है।

भाजपा ने सभी दलों को चौंकाते हुए प्रदेश की 39 सीटों पर प्रत्याशियों की घोषणा कर दी। इनमें से 13 अनुसूचित जनजाति (एसटी) आठ अनुसूचित जाति (एससी) और 18 सामान्य सीटें हैं। ये सभी भाजपा की हारी हुई सीटें हैं। अब दूसरी सूची में पार्टी उन सीटों पर फोकस कर रही है, जहां अनुसूचित जाति और जनजाति के कांग्रेस विधायक हैं। दरअसल, 2018 में भाजपा को सुरक्षित सीटों पर बड़ा नुकसान हुआ था।

पार्टी एसटी वर्ग की 47 में मात्र 16 सीटें ही जीत पाई थी। जबकि, 2013 में पार्टी के पास एक निर्दलीय समर्थक के साथ 32 सीटें थी। एससी वर्ग में भी भाजपा के पास 28 सीटें थीं, लेकिन 2018 के चुनाव में मात्र 18 सीटें ही बच पाई थीं। यही कारण है है कि भाजपा ने केंद्रीय स्तर से इन सीटों पर कई बार सर्वे करवाया है।

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