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प्रधानमंत्री राजधर्म का नहीं कर रहे पालन – मरकाम

बिलासपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि आदिम जाति कल्याण मंत्री व पूर्व प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मोहन मरकाम ने मणिपुर की घटना को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने दोटूक कहा कि पीएम मोदी राजधर्म का पालन नहीं कर रहे हैं। प्रधानमंत्री होने के नाते देश के साथ ही प्रत्येक नागरिकों की सुरक्षा की जिम्मेदारी उनकी है। अपने दायित्व से इन्कार नहीं कर सकते। मणिपुर में राजनीति करने के बजाय राजधर्म का पालन करना होगा।

मंत्री बनने के बाद पहली बार बिलासपुर प्रवास पर पहुंचे मरकाम पत्रकारों से चर्चा कर रहे थे। देश के प्रत्येक नागरिकों को संवैधानिक अधिकार दिए गए हैं। हमे संविधान प्रदत्त अधिकारों को लेकर सचेत रहने की जरूरत है। मौलिक अधिकारों की रक्षा का दायित्व देश के प्रधानमंत्री पद पर बैठने वाले व्यक्ति का होता है। पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि वे आम आदमी की सुरक्षा नहीं कर पा रहे हैं। बस्तर की घटना पर मंत्री मरकाम का कहना है कि इस घटना को राज्य सरकार ने गंभीरता से लिया है। जिला शिक्षाधिकारी को जांच के निर्देश दिए गए हैं। मामले में जो भी दोषी होगा उसको बख्शा नहीं जाएगा। कानून सम्मत कार्रवाई की जाएगी।

इतनी दुर्गति के बाद आपस में उलझे हुए हैं भाजपाई

प्रदेश भाजपा और भाजपा के नेताओं पर मंत्री मरकाम ने तल्ख टिप्पणी की। चर्चा के दौरान उन्होंने सवाल उठाया कि पूरे पांच साल प्रदेश में विपक्ष नजर ही नहीं आया। आखिर विपक्ष है कहां। फिर खुद ही बोले। इन पांच सालों में मुझे तो भाजपा नजर ही नहीं आई। 14 सीटों तक सिमटने के बाद भी भाजपा के नेता एक दूसरे से उलझे हुए हैं। गुटीय लड़ाई ऐसी कि बीते साढ़े चार साल के दौरान तीन बार प्रदेश अध्यक्ष और दो बार नेता प्रतिपक्ष बदले गए। आगे कहा कि भाजपा अपना घर संभाल नहीं पा रही है।

पार्टी का सच्चा कार्यकर्ता,हर परीक्षा में रहूंगा सफल

संगठन के बाद सत्ता की जिम्मेदारी के सवाल पर कहा कि पार्टी हाइकमान ने जो जिम्मेदारी दी है उस पर खरा उतरने का पूरा प्रयास करेंगे। पार्टी का सच्चा कार्यकर्ता हूं। मत्री मरकाम ने बताया कि सरगुजा, दुर्ग और रायपुर के बाद आज वह बिलासपुर में विभागीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक लेने पहुंचे हैं। प्रदेश में 85 फीसद एससी, एसटी, ओबीसी और अल्पसंख्यक की जनसंख्या है। इन वर्गों को शासन की योजनाओं का लाभ मिल रहा है कि नहीं है, इसकी समीक्षा करने वे हर संभाग का दौरा कर रहे हैं।

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