ब्रेकिंग
मुरैना में राठी हॉस्पिटल पर हंगामा: इलाज के दौरान महिला की मौत पुलिस बल मौके पर खाकी की साठगांठ या लाचारी? डायल 112 के सामने से निकलते रहे रेत के ट्रैक्टर, एसपी की सख्ती पर 2 आरक्ष... उज्जैन में 11वीं की छात्रा की संदिग्ध मौत: लव जिहाद के आरोप पर हंगामा, सड़क पर शव रखकर चक्काजाम और अ... मुरैना मेडिकल स्टोरों पर औषधि प्रशासन की कार्रवाई तीन मेडिकल स्टोरों के लाइसेंस निलंबित मुरैना कृष्ण टाउन कॉलोनी में तांडव: घर में घुसकर परिजनों से मारपीट और जान से मारने की खुली धमकी आरक्षण, गरीबी और उपेक्षा: हाशिए पर खड़ा सवर्ण समाज कब तक सहेगा चुप्पी का दर्द : महिपाल मकवाना ग्वालियर यूनिवर्सिटी थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार कार ने ढाया कहर, ऑटो मे मारी टक्कर ऑटो पलटने से तीन... भोपाल एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों का स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर आंदोलन जारी, भोपाल अवैध शराब के खिलाफ पूरे प्रदेश में विशेष अभियान लापरवाही पर अफसरों की होगी जवाबदेही तय मुरैना: एसपी धर्मराज मीना की मानवीय पहल, बीमार मां के इलाज के लिए दिए ₹1 लाख
मध्यप्रदेश

बड़वानी में बारिश और बांध से पानी छोड़े जाने के बाद बढ़ा नर्मदा का जलस्तर

बड़वानी। निमाड़ अंचल और ऊपरी कछार में तेज वर्षा और बांधों से पानी छोड़े जाने के कारण नर्मदा नदी का जलस्तर भी बढ़ गया है। जलस्तर बढ़ने से प्राचीन घाट राजघाट की सभी छत्रियां जलमग्न हो गई। वहीं तट पर स्थित राजघाट निर्माण समिति का कीर्तन भवन व दफ्तर भी आधा जलमग्न हो गया।

राजघाट पुराने पुल की रपट तक पहुंचा पान

एनवीडीए कार्यालय के अनुसार बांधों का पानी छोड़ने से राजघाट में नर्मदा का बेकवाटर लेवल 127.200 मीटर पर पहुंच गया। इससे अब पुराना पुल डूब की कगार पर पहुंच गया। शुक्रवार शाम तक राजघाट के पुराने पुल की रपट से पानी टकराने लगा। संभावना है कि आगामी 24 घंटे में पुल जलमग्न हो जाएगा। बैकवाटर बढ़ने से राजघाट से पूर्व नालों में पानी आने लगा हैं। और कुछ मीटर पानी बढ़ने की स्थिति में राजघाट टापू बनने लगेगा।

कीचड़ में गायब फुटपाथ, कैसे निकले राहगी

वर्षा के दौरान शहर के मुख्य अंजड़ मार्ग पर फुटपाथ की हालत खस्ताहाल हो गई है। दरअसल कारंजा के समीप कन्या स्कूल से लेकर डिपो के पास तक फुटपाथ का मार्ग किनारे कीचड़ पसरा हैं। ऐसे में फुटपाथ से निकलना मुश्किल होता हैं। थोड़ी सी बारिश में मार्ग के एक ओर गंदा पानी जमा हो जाता हैं। ऐसे में पैदल राहगीरों को लोगों को सड़क से होकर ही करना पड़ती है। जबकि मुख्य मार्ग होने से बड़ी संख्या में छोटे-बड़े वाहनों की रेलमपेल रहती हैं। जबकि इस मार्ग पर नगर पालिका ने हाल ही में अस्थाई दुकान लगाने वालों पर सख्ती बरते हुए हटाया हैं। नागरिकों ने नगर पालिका से उक्त स्थान के फुटपाथ को दुरस्त करवाने की मांग की हैं।

जिले में बीते 24 घंटे में मात्र 1 मिमी वर्षा दर्ज की गई। इस दौरान बड़वानी, पाटी, अंजड़, ठीकरी, पानसेमल सूखे रहे। जबकि राजपुर में 5, चाचरिया में 2, वरला में 1.2 और सेंधवा-निवाली में 1-1 मिमी वर्षा दर्ज की गई। जिले में इस वर्ष 1 जून से अब तक औसत वर्षा 239.1 मिमी हो चुकी हैं। जबकि गत वर्ष इस अवधि में 340.7 मिमी पानी बरसा था।

वर्षा के थमते ही दोपहर बाद उमस व धूप से हुए हलाकान

दोपहर में वर्षा के थमते ही तेज धूप निकली और बादलों के नीचे उमस ने हलाकान कर दिया।वहीं मानसून कमजोर होने पर बीते पांच दिनों में दिन के तापमान में छह डिग्री बढ़ोतरी हुई हैं। जिला कृषि मौसम इकाई के अनुसार शुक्रवार को अधिकतम तापमान 35.4 और न्यूनतम तापमान 26.2 डिग्री दर्ज किया गया। जबकि पांच दिन पूर्व अधिकतम तापमान 29.8 और न्यूनतम 25.8 डिग्री रहा था। बारिश थमने और धूप-बादलों की मौजूदगी से जनजीवन में उमस गर्मी हलकान करने लगी हैं।

मौसम केंद्र के प्रभारी रवींद्रसिंह सिकरवार ने बताया कि आगामी पांच दिनों में जिले में आसमान में मध्यम घने बादल रहने व तापमान सामान्य रहने व हल्की हवाओं के साथ हल्की वर्षा होने की संभावना है। ऐसे में किसानों को चाहिए कि खेत में खड़ी फसल की सिंचाई रोक दें और आगामी दिनों में होने वाली वर्षा का लाभ लें।

Related Articles

Back to top button