ब्रेकिंग
भिंड में स्कूली बस और डंपर की टक्कर, सात बच्चे घायल मुरैना में राठी हॉस्पिटल पर हंगामा: इलाज के दौरान महिला की मौत पुलिस बल मौके पर खाकी की साठगांठ या लाचारी? डायल 112 के सामने से निकलते रहे रेत के ट्रैक्टर, एसपी की सख्ती पर 2 आरक्ष... उज्जैन में 11वीं की छात्रा की संदिग्ध मौत: लव जिहाद के आरोप पर हंगामा, सड़क पर शव रखकर चक्काजाम और अ... मुरैना मेडिकल स्टोरों पर औषधि प्रशासन की कार्रवाई तीन मेडिकल स्टोरों के लाइसेंस निलंबित मुरैना कृष्ण टाउन कॉलोनी में तांडव: घर में घुसकर परिजनों से मारपीट और जान से मारने की खुली धमकी आरक्षण, गरीबी और उपेक्षा: हाशिए पर खड़ा सवर्ण समाज कब तक सहेगा चुप्पी का दर्द : महिपाल मकवाना ग्वालियर यूनिवर्सिटी थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार कार ने ढाया कहर, ऑटो मे मारी टक्कर ऑटो पलटने से तीन... भोपाल एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों का स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर आंदोलन जारी, भोपाल अवैध शराब के खिलाफ पूरे प्रदेश में विशेष अभियान लापरवाही पर अफसरों की होगी जवाबदेही तय
विदेश

अमीर बाप घर ले आया 7 करोड़ का स्कूल

बीजिंग  । चीन में एक पिता ने अपने 3 साल के बच्चे को किंडरगार्टेन में डालने से पहले ऐसा फैसला लिया, जो सुर्खियां बन गया।इस शख्स ने कोई 20-30 लाख नहीं बल्कि 7 करोड़ रुपये से ज्यादा की लागत में एक स्कूल बनाया है, वो भी सिर्फ छोटे बच्चों के लिए।वो चाहता है कि उसका बेटा यहां पढ़े और उसके मुताबिक माहौल में रहे।
रिपोर्ट्स के मुताबिक शख्स का सरनेम ली है और वो जियांगशु प्रोविंस में रहता है।उसने अपने 3 साल के बेटे का किंडरगार्टेन में एडमिशन कराने से पहले खुद ही प्री-स्कूल खोल लिया।कुल 870,000 यानि भारतीय मुद्रा में 7 करोड़ 11 लाख से भी ज्यादा रुपये लगाकर स्कूल की बिल्डिंग सिर्फ 7 महीने में तैयार करवा डाली।उसके इस स्कूल में एक बड़ी सी ट्यूब स्लाइड है, जिससे सीढ़ियों को रिप्लेस किया गया है।स्कूल में मूव करने वाली कर्टेन वॉल्स हैं, बड़ी-बड़ी खिड़कियां हैं।
डांस के लिए अलग से कमरे हैं, लाइब्रेरी, गार्डेन, फलों के पेड़ और रंगीन टॉयलेट्स भी बनाए गए हैं.स्कूल में आर्ट के लिए अलग क्लास में ड्रॉइंग बोर्ड्स लगाए गए हैं।यहां फिल्में और कार्टून के लिए मूवी रूम भी है।एक फ्लोर से दूसरे फ्लोर पर उतरने के लिए स्लाइड्स ही हैं।इसमें अंडरफ्लोर हीटिंग सिस्टम है, ताकि बच्चे को ठंड न लग जाए।स्कूल में ली के बेटे के साथ कुछ और बच्चे भी हैं, जो यहां करीब 47 हजार हर महीने की फीस चुकाते हैं।इस कहानी को जानने के बाद सोशल मीडिया पर कमेंट्स की लाइन लग गई।

 

Related Articles

Back to top button