ब्रेकिंग
भिंड में स्कूली बस और डंपर की टक्कर, सात बच्चे घायल मुरैना में राठी हॉस्पिटल पर हंगामा: इलाज के दौरान महिला की मौत पुलिस बल मौके पर खाकी की साठगांठ या लाचारी? डायल 112 के सामने से निकलते रहे रेत के ट्रैक्टर, एसपी की सख्ती पर 2 आरक्ष... उज्जैन में 11वीं की छात्रा की संदिग्ध मौत: लव जिहाद के आरोप पर हंगामा, सड़क पर शव रखकर चक्काजाम और अ... मुरैना मेडिकल स्टोरों पर औषधि प्रशासन की कार्रवाई तीन मेडिकल स्टोरों के लाइसेंस निलंबित मुरैना कृष्ण टाउन कॉलोनी में तांडव: घर में घुसकर परिजनों से मारपीट और जान से मारने की खुली धमकी आरक्षण, गरीबी और उपेक्षा: हाशिए पर खड़ा सवर्ण समाज कब तक सहेगा चुप्पी का दर्द : महिपाल मकवाना ग्वालियर यूनिवर्सिटी थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार कार ने ढाया कहर, ऑटो मे मारी टक्कर ऑटो पलटने से तीन... भोपाल एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों का स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर आंदोलन जारी, भोपाल अवैध शराब के खिलाफ पूरे प्रदेश में विशेष अभियान लापरवाही पर अफसरों की होगी जवाबदेही तय
देश

शरद पवार – ‘बेरोजगारी की वजह से नहीं हो रही है युवाओं की शादी’

बेरोजगारी को लेकर केंद्र और महाराष्ट्र की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाली सरकारों की आलोचना करते हुए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रमुख शरद पवार ने बुधवार को कहा कि सामाजिक समस्याएं पैदा हो रही हैं क्योंकि विवाह योग्य युवकों की शादी नहीं हो रही। राकांपा के जन जागरण अभियान को हरी झंडी दिखाने से पहले पवार ने कहा कि समुदायों के बीच दरार पैदा की जा रही है। महंगाई और बेरोजगारी जैसे वास्तविक मुद्दों से ध्यान हटाने की कोशिश की जा रही है।शरद पवार ने कहा, ”देश में भुखमरी के मुद्दे का समाधान संभव है क्योंकि हमारे किसानों ने उत्पादन बढ़ाया है लेकिन सत्ता में बैठे लोग किसानों को उचित पारिश्रमिक देने के लिए तैयार नहीं हैं, बल्कि वे बिचौलियों के हितों की रक्षा कर रहे हैं और आम लोगों को महंगाई की खाई में धकेल रहे हैं।” उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार इन समस्याओं से मुंह फेरे हुए है।

पूर्व केंद्रीय कृषि मंत्री ने कहा कि आज का युवा शिक्षित है और उसे नौकरी मांगने का अधिकार है। उन्होंने कहा कि उद्योग महाराष्ट्र से बाहर जा रहे हैं, मौजूदा उद्योगों को कोई प्रोत्साहन नहीं दिया जा रहा है। बीजेपी सरकार की तरफ से नए व्यवसाय स्थापित करने के लिए कोई अवसर नहीं दिया जा रहा है, जिससे बेरोजगारी बढ़ रही है।शरद पवार ने कहा, “एक बार यात्रा के दौरान एक गांव के चौराहे पर 25-30 साल के 15-20 युवकों से मिला। उनसे पूछा कि उन्होंने क्या किया है। कुछ ने बताया कि ग्रेजुएट हैं, कुछ ने कहा कि पोस्ट ग्रेजुएट हैं। जब मैंने उनसे पूछा कि क्या वे शादीशुदा हैं तो सभी ने मना किया। जब मैंने उनसे वजह पूछी तो उन्होंने कहा कि कोई भी उन्हें दुल्हन देने के लिए तैयार नहीं है क्योंकि उनके पास नौकरी नहीं है। पवार ने कहा कि ये शिकायतें राज्य के ग्रामीण हिस्सों में अधिक सुनी जा रही हैं।”

 

Related Articles

Back to top button