ब्रेकिंग
खाकी की साठगांठ या लाचारी? डायल 112 के सामने से निकलते रहे रेत के ट्रैक्टर, एसपी की सख्ती पर 2 आरक्ष... उज्जैन में 11वीं की छात्रा की संदिग्ध मौत: लव जिहाद के आरोप पर हंगामा, सड़क पर शव रखकर चक्काजाम और अ... मुरैना मेडिकल स्टोरों पर औषधि प्रशासन की कार्रवाई तीन मेडिकल स्टोरों के लाइसेंस निलंबित मुरैना कृष्ण टाउन कॉलोनी में तांडव: घर में घुसकर परिजनों से मारपीट और जान से मारने की खुली धमकी आरक्षण, गरीबी और उपेक्षा: हाशिए पर खड़ा सवर्ण समाज कब तक सहेगा चुप्पी का दर्द : महिपाल मकवाना ग्वालियर यूनिवर्सिटी थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार कार ने ढाया कहर, ऑटो मे मारी टक्कर ऑटो पलटने से तीन... भोपाल एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों का स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर आंदोलन जारी, भोपाल अवैध शराब के खिलाफ पूरे प्रदेश में विशेष अभियान लापरवाही पर अफसरों की होगी जवाबदेही तय मुरैना: एसपी धर्मराज मीना की मानवीय पहल, बीमार मां के इलाज के लिए दिए ₹1 लाख सरकारी योजनाओं पर लग रहा पलीता: धरातल पर दम तोड़ रही जनहितैषी नीतियां
दिल्ली NCR

सरकार सोशल मीडिया पर इसे ब्लॉक करे, वीडियो में दिखे जज भी सस्पेंड |

नई दिल्ली: वीडियो वायरल होते दिल्ली हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा ने वायरल वीडियो वाले जज को सस्पेंड कर दिया था।दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार देर रात एक आदेश जारी किया। इसमें एक वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल होने से रोकने का निर्देश दिया गया है। वीडियो एक राउज एवेन्यू कोर्ट के जज का है। जो अपने केबिन में एक महिला के साथ आपत्तिजनक हालत में दिख रहा है। यह महिला उसके स्टाफ में काम करने वाली बताई गई है।आदेश जारी करते हुए जस्टिस यशवंत वर्मा ने कहा कि वीडियो से व्यक्तियों के निजता के अधिकार की अपूरणीय क्षति होने की संभावना है। इसलिए इसे फैलने से रोका जाए। हालांकि इस आदेश से पहले ही जज को सस्पेंड कर दिया गया।अपीलकर्ता ने कहा- वीडियो मनगढंत हैवीडियो को वायरल होने से रोकने की याचिका वीडियो में दिखाई दे रही महिला की ओर से लगाई गई है। महिला का कहना है कि वीडियो मनगढंत है। वहीं टाइम स्टैम्प से पता चला कि यह वीडियो मार्च 2022 का है। रिपोर्ट्स में यह कहा जा रहा है कि वीडियो वहां लगे CCTV कैमरे में रिकॉर्ड हुआ है।डिस्ट्रिक्ट सेशन कोर्ट ने महिला के खिलाफ भी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। मामले की जांच के लिए कमेटी बनाई जा रही है।दिल्ली हाईकोर्ट से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें…दिल्ली HC ने कहा सहमति से संबंध बने तो कोई आधार कार्ड नहीं देखतादिल्ली हाईकोर्ट का कहना है कि अगर शारीरिक संबंध सहमति से बन रहे हैं तो अपने साथी की जन्मतिथि के न्यायिक सत्यापन की जरूरत नहीं होती। अदालत ने नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में एक व्यक्ति को जमानत देते हुए यह बात कही। दरअसल लड़की ने कोर्ट में युवक के खिलाफ दुष्कर्म का आरोप लगाया था। वह खुद को नाबालिग बता रहा थी। पढ़ें पूरी खबर…अमिताभ के नाम, आवाज, फोटो के इस्तेमाल पर रोकदिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार को अमिताभ बच्चन का नाम, आवाज और फोटो को उनकी परमिशन के बिना इस्तेमाल पर रोक लगा दी। कोर्ट ने यह अंतरिम आदेश उनकी एक याचिका पर दिया, जिसमें वे पब्लिसिटी और पर्सनैलिटी राइट्स चाहते थे। हाईकोर्ट ने इलेक्ट्रानिक एंड इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी मिनिस्ट्री और टेलिकॉम सर्विसेस को भी उनके बताए कंटेंट हटाने का आदेश दिया।

Related Articles

Back to top button