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मुरैना का वन स्टॉप सेंटर विवादों में घिरा रहता है स्टाफ को सोता देख दो लड़की दीवाल फांद कर भागी हमेशा की तरह सीसीटीवी कैमरे बंद मिले

मुरैना के वन स्टॉप सेंटर से दो नाबालिग किशोरियों के भागने का मामला सामने आया है। सेंटर में लगे सीसीटीवी कैमरे बंद मिले और सुरक्षा में भारी लापरवाही उजागर हुई है। घटना के बाद अधिकारियों ने तुरंत नए कैमरे लगाने का काम शुरू कर दिया। निरीक्षण के दौरान बाल कल्याण समिति ने पाया कि सेंटर में सीसीटीवी कैमरे काम नहीं कर रहे थे। कैमरे बदलने की फाइल सेंक्शन का इंतजार कर रही थी, लेकिन घटना के बाद शुक्रवार दोपहर 1 बजे से ही नए कैमरे लगाने शुरू हो गए और 40 हजार रुपए की राशि तत्काल मंजूर कर दी गई। सुरक्षा की जिम्मेदारी आउटसोर्स गार्ड कमल जाटव और पुलिस हेड कांस्टेबल मालती पाराशर को दी गई थी, लेकिन दोनों अपनी ड्यूटी के दौरान सो गए थे इसी हफ्ते लाई गई थीं किशोरियां पहली किशोरी (17) को 5 नवंबर को बाल कल्याण समिति ने सेंटर भेजा था। दूसरी किशोरी (15) को नगरा पुलिस ने शुक्रवार को सामने पेश किया था और वहीं से उसे सेंटर भेजा गया। घटना वाली रात इन दोनों के अलावा कोई और आश्रयी महिला या बालिका सेंटर में नहीं थी। रात करीब ढाई बजे नगरा से आई किशोरी ने पुरानी किशोरी के साथ मिलकर सेंटर से भागने की योजना बनाई। कार्यालय के पास लगा छोटा गेट खुला रह गया था। दोनों जीने से होते हुए

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