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घूमने के साथ कला के भी हैं शौकीन, तो काला घोड़ा फेस्टिवल का बनाएं प्लान

काला घोड़ा फेस्टिवल नृत्य, कला और संगीत के शौकीनों के लिए बहुत ही खास फेस्टिवल्स है। जो मुंबई में मनाया जाता है। हर साल फरवरी के पहले शनिवार से इसकी शुरुआत होती है और दूसरे रविवार को इसका समापन होता है। तो 4 फरवरी से इसकी शुरुआत हो चुकी है जो 12 फरवरी तक चलेगी। इस दौरान आप यहां आकर कई तरह की एक्टिविटीज का मजा ले सकते हैं।

इस फेस्टिवल में नृत्य से लेकर संगीत, चित्रकारी, हैंडीक्राफ्ट, ग्राफिक्स आर्ट, सिनेमा और साहित्य के अलावा और भी कई तरह की कलाओं की प्रदर्शनी देखने को मिलती है। यहां आप फ्रेंड्स के साथ आएं या फैमिली के साथ, एंजॉयमेंट की पूरी गारंटी है। ‘काला घोड़ा फेस्टिवल’ काफी हद तक दिल्ली में लगने वाले ‘ट्रेड फेयर मेले’ जैसा ही होता है, जहां भारत के अलावा विदेशी कलाकारों की भी खूबसूरत कलाकृतियां और प्रदर्शन देखने का मौका मिलता है। तो अगर आप कला प्रेमी हैं, तो इस फेस्टिवल को देखने का मौका बिल्कुल भी मिस न करें।

कालाघोड़ा कला महोत्सव की शुरुआत

काला घोड़ा कला महोत्सव मुंबई में आयोजित होने वाला एक आर्ट फेस्टिवल हैं जिसे कालाघोड़ा संस्था द्वारा 1999 में शुरू किया गया था। काला घोड़ा नाम के पीछे कोई कहानी नहीं है बस इसे दक्षिणी मुंबई इलाके में एक ऐसी जगह पर आयोजित किया जाता है जहां काले घोड़े की मूर्ति लगी है। इस वजह से इसे काला घोड़ा फेस्टिवल कहा जाता है। काले घोड़े की ये मूर्ति अंग्रेज़ो के ज़माने से वहां लगी हुई है।

फेस्टिवल में खास

यहां आपको अलग-अलग तरह की कलाओं के बारे में सीखने और जानने को मिलेगा। बड़ों के साथ ही यहां बच्चों के मानसिक और शारीरिक विकास के लिएभी कई तरह के एक्टिविटीज अवेलेबल होती हैं। यहां आकर आप एंजॉयमेंट के साथ कपड़े, जूते, बैग और सजावटी चीजों की खरीददारी भी कर सकते हैं।

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