ब्रेकिंग
मुरैना में राठी हॉस्पिटल पर हंगामा: इलाज के दौरान महिला की मौत पुलिस बल मौके पर खाकी की साठगांठ या लाचारी? डायल 112 के सामने से निकलते रहे रेत के ट्रैक्टर, एसपी की सख्ती पर 2 आरक्ष... उज्जैन में 11वीं की छात्रा की संदिग्ध मौत: लव जिहाद के आरोप पर हंगामा, सड़क पर शव रखकर चक्काजाम और अ... मुरैना मेडिकल स्टोरों पर औषधि प्रशासन की कार्रवाई तीन मेडिकल स्टोरों के लाइसेंस निलंबित मुरैना कृष्ण टाउन कॉलोनी में तांडव: घर में घुसकर परिजनों से मारपीट और जान से मारने की खुली धमकी आरक्षण, गरीबी और उपेक्षा: हाशिए पर खड़ा सवर्ण समाज कब तक सहेगा चुप्पी का दर्द : महिपाल मकवाना ग्वालियर यूनिवर्सिटी थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार कार ने ढाया कहर, ऑटो मे मारी टक्कर ऑटो पलटने से तीन... भोपाल एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों का स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर आंदोलन जारी, भोपाल अवैध शराब के खिलाफ पूरे प्रदेश में विशेष अभियान लापरवाही पर अफसरों की होगी जवाबदेही तय मुरैना: एसपी धर्मराज मीना की मानवीय पहल, बीमार मां के इलाज के लिए दिए ₹1 लाख
विदेश

अमेरिका में नौकरी छोड़कर भाग रहे हैं स्वास्थ्य कर्मी

न्यूयॉर्क । अमेरिका में पिछले 6 माह से  मंदी और महंगाई के कारण तथा वेतन कम होने काम का अधिक बोझ होने से स्वास्थ्य कर्मी नौकरी छोड़कर भाग रहे हैं।  जिसके कारण अमेरिका की स्वास्थ्य व्यवस्था गड़बड़ा रही हैं।

फेवीकोल के सर्वे के अनुसार 79 फ़ीसदी स्वास्थ्य कर्मी इन दिनों तनाव से गुजर रहे हैं।  स्वास्थ्य कर्मियों के परिवारों में तनाव बढ़ रहा है।  नौकरी के बढ़ते दबाव के कारण 64 फ़ीसदी स्वास्थ्य कर्मी नींद की समस्या से जूझ रहे हैं। वहीं 59 फ़ीसदी स्वास्थ्य कर्मियों पर मानसिक असर पड़ा है।  काम के बोझ से 53 फ़ीसदी स्वास्थ्य कर्मियों का स्वास्थ्य पर विपरीत असर पड़ा है।  नौकरी के कारण आपसी रिश्ते बिगड़ रहे हैं।
65 फ़ीसदी स्वास्थ्य कर्मियों ने कहा है कि घर चलाने के लिए सारी राशि खर्च हो जाती है।  बचत नहीं हो पा रही है।  50 फ़ीसदी स्वास्थ्य कर्मी सब्जी किराए गैस के पैसे चुकाने की चिंता में लगे रहते हैं।  48 फ़ीसदी स्वास्थ्य कर्मियों को कर्ज लेकर खर्च चलाना पड़ रहा है।
ब्रिटेन के नेशनल हेल्थ सिस्टम में एक तिहाई जूनियर डॉक्टर नौकरी छोड़कर जाना चाहते हैं।  10 में से 4 डॉक्टरों ने नौकरी छोड़ कर अन्य कोई नौकरी करने की बात करने लगे हैं। डॉक्टरों को वेतन कम मिल रहा है।  उनके काम के घंटे ज्यादा हैं।  जिसके कारण वह अपना घर खर्च नहीं चला पा रहे हैं।

Related Articles

Back to top button