ब्रेकिंग
उज्जैन में 11वीं की छात्रा की संदिग्ध मौत: लव जिहाद के आरोप पर हंगामा, सड़क पर शव रखकर चक्काजाम और अ... मुरैना मेडिकल स्टोरों पर औषधि प्रशासन की कार्रवाई तीन मेडिकल स्टोरों के लाइसेंस निलंबित मुरैना कृष्ण टाउन कॉलोनी में तांडव: घर में घुसकर परिजनों से मारपीट और जान से मारने की खुली धमकी आरक्षण, गरीबी और उपेक्षा: हाशिए पर खड़ा सवर्ण समाज कब तक सहेगा चुप्पी का दर्द : महिपाल मकवाना ग्वालियर यूनिवर्सिटी थाना क्षेत्र में तेज रफ्तार कार ने ढाया कहर, ऑटो मे मारी टक्कर ऑटो पलटने से तीन... भोपाल एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टरों का स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर आंदोलन जारी, भोपाल अवैध शराब के खिलाफ पूरे प्रदेश में विशेष अभियान लापरवाही पर अफसरों की होगी जवाबदेही तय मुरैना: एसपी धर्मराज मीना की मानवीय पहल, बीमार मां के इलाज के लिए दिए ₹1 लाख सरकारी योजनाओं पर लग रहा पलीता: धरातल पर दम तोड़ रही जनहितैषी नीतियां सागर जहरीली शराब कांड: उमंग सिंघार का सरकार पर तीखा हमला, कहा- पाकिस्तान के बाद मध्य प्रदेश में हिंद...
छत्तीसगढ़

महिलाओं ने किया तैयार, आम, लहसुन के बाद लोगों को मिला नया टेस्ट

राजनांदगांव: राजनांदगांव जिले के वनबघेरा गांव की महिलाएं पनकाज मछली का आचार बनाकर अच्छा मुनाफा कमा रही हैं। महिलाएं वनबघेरा की जय बूढ़ा देव समूह से जुड़ी हुई हैं। मछली के आचार की डिमांड बढ़ने से महिलाओं को रोजगार तो मिला ही साथ ही ये अच्छी आय का जरिया भी बन गया है।गांव की सरिता मंडावी के मुताबिक उन्हें पंचायत के अधिकारियों ने कहा कि आचार तो सभी बनाते हैं कुछ नया बनाओ। तो हमने कहा कि आम के अलावा लहसुन का भी आचार बनाते हैं। सरिता ने बताया कि यहां लोग मछली के शौकीन हैं। फिर क्या था महिलाओं ने यहां प्रचलित पनकाज मछली का आचार बनाया जो लोगों को काफी पसंद आया।सरिता मंडावी के साथ समूह से जुड़ी महिलाओं ने पनकाज मछली का आचार बनाया और एक दिन गौठान मेला में उसे रखा गया। यह 5 हजार रुपए का बिका, फिर लगा कि इसमें तो बड़ी संभावना है। महिलाओं ने इसका उत्पादन शुरू किया।सरिता ने बताया कि एक किलो मछली अचार की कीमत 50 रुपए है। ट्रेनिंग में बताया गया कि अलग सा उत्पाद बनाओ, हमने ये किया, औरहमें सफलता मिली। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सरकार आउट ऑफ बॉक्स आईडियाज को बढ़ावा दे रही है और मैनेजमेंट फंडा अब ग्रामीण क्षेत्रों के समूहों तक भी पहुंच रहे हैं।मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की सरकार में ग्रामीण क्षेत्रों की हुनरमंद महिलाओं की प्रतिभा को पंख मिल गए हैं। वे ऐसे क्षेत्रों में काम कर रही हैं और ऐसे उत्पादों के बारे में सोच रही हैं जो प्रचलित नहीं हैं लेकिन बाजार के दृष्टिकोण से उनमें बड़ी संभावनाएं हैं।

Related Articles

Back to top button