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संसद में आसानी से पास हो सकता है दिल्ली अध्यादेश, मोदी सरकार को मिला YSR का साथ

दिल्ली में प्रशासनिक सेवाओं पर नियंत्रण के लिए लाया जा रहा नेशनल कैपिटल टेरिटरी ऑफ दिल्ली (संशोधन) बिल, 2023 के मामले में केंद्र को वायएसआर कांग्रेस का साथ मिल गया है। लोकसभा में एनडीए का बहुमत है लेकिन राज्यसभा में परेशानी हो सकती थी लेकिन अब यह दिक्कत भी दूर हो गई है। आंध्र प्रदेश के सीएम जगनमोहन रेड्डी के नेतृत्व वाली वाईएसआर कांग्रेस पार्टी दिल्ली से जुड़े अध्यादेश के बिल पर केंद्र सरकार को समर्थन देने के पक्ष में है। पार्टी के वरिष्ठ नेता ने इस बात की जानकारी दी है।

राज्यसभा में नौ और लोकसभा में 22 सांसद
वाईएसआर कांग्रेस पार्टी को राज्यसभा में नौ और लोकसभा में 22 सांसद हैं। राज्यसभा में वाईएसआर का समर्थन सरकार के लिए बेहद अहम साबित हो सकता है और लोकसभा की तरह राज्यसभा में दिल्ली अध्यादेश आसानी से पास हो सकता है। वायएसआसीपी के नेता वी विजयसाई रेड्डी ने कहा, ‘पार्टी अविश्वास प्रस्ताव और दिल्ली अध्यादेश के मुद्दे पर केंद्र सरकार का समर्थन करेगी। पार्टी सांसदों को इस बारे में जानकारी दे दी गई है।’

सरकार का आंकड़ा 112, बहुमत से 8 वोट कम
वायएसआरसीपी के समर्थन से पहले राज्यसभा में सरकार का आंकड़ा 112 था जो बहुमत से 8 दूर था। पार्टी के नौ सांसद दिल्ली बिल पर मोदी सरकार के पक्ष में वोट डालेंगे। इस तरह बिल के समर्थन में 121 वोट होंगे, जो बहुमत के आंकड़े से एक अधिक है। इसके अलावा सरकार को बीएसपी, जेडीएस और टीडीपी से भी समर्थन की उम्मीद है। इन तीनों दलों के एक-एक सांसद हैं। ऐसे में बिल के पक्ष में 124 वोट मिल सकते हैं, जिससे बिल आसानी से पास हो जाएगा।

31 जुलाई को संसद में पेश होगा बिल
दिल्ली के अधिकारियों की ट्रांसफर पोस्टिंग से जुड़े केंद्र सरकार के अध्यादेश से संबंधित बिल सोमवार (31 जुलाई) को संसद में पेश किया जाएगा। पीएम मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में मंगलवार को इस बिल को मंजूरी दे दी गई थी। केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र सरकार संशोधन अध्यादेश 19 मई को जारी किया था। इस अध्यादेश में कहा गया है कि राष्ट्रीय राजधानी लोक सेवा प्रधिकरण नाम का एक प्राधिकरण होगा, जो उसे प्रदान की गई शक्तियों का उपयोग करेगा और उसे सौंपी गई जिम्मेदारियों का निर्वहन करेगा। दिल्ली की आप सरकार ने इस अध्यादेश का पुरजोर विरोध किया है

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