ब्रेकिंग
जनपद कार्यालय बना अखाड़ा! सीईओ ने तीन जनपद सदस्यों पर धमकी और अभद्रता का कराया मामला दर्ज दिल्ली के होटल में भीषण आग, 21 मौतों की खबर से हड़कंप प्यासी मुरैना और पानी में मस्ती! समर वेव वॉटर पार्क पर उठने लगे सवाल मुरैना सगाई पक्की होते ही दूल्हे पर हमला लड़की देखकर लौट रहे युवक को घेरकर बदमाशों ने पीटा, चेन-अंगू... बामौर थाना : तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बुजुर्ग को मारी टक्कर दिमनी थाना : जहरीला पदार्थ खाने से वृद्ध की मौत, जांच शुरू पोरसा थाना : कट्टा लेकर घूम रहे युवक को पुलिस ने दबोचा सगाई की खुशियों के बीच करोड़ों की चोरी से सनसनी बीजेपी नेता के भाई के घर दिनदहाड़े वारदात सरकारी जमीन विवाद में खूनी संघर्ष, फायरिंग में युवक की मौत, दो महिलाएं घायल मुरैना: सबलगढ़ के गुरैमा गांव में भीषण आग, ग्रामीणों की तत्परता से टला बड़ा हादसा
मध्यप्रदेश

गबन के मामले में जनजातीय कार्य विभाग का चपरासी भी गिरफ्तार

बुरहानपुर। जनजातीय कार्य विभाग में करीब तीन करोड़ रुपसे से ज्यादा के सरकारी धन के गबन मामले में रविवार को लालबाग पुलिस ने कार्यालय के चपरासी मनोज पाटिल को गिरफ्तार किया है।

पुलिस का आरोप है कि मनोज ने विभाग के लेखा शाखा प्रभारी नारायण पाटिल के साथ मिल कर वर्ष 2010 से 2017 के बीच सरकारी राशि का गबन किया था।

नारायण द्वारा मनोज के नाम चेक से राशि जारी की जाती थी। जिसे आहरित करा दोनों आपस में बांट लेते थे। पुलिस नारायण पाटिल को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।

पुलिस अधीक्षक राहुल लोढ़ा के मुताबिक गबन की राशि बढ़ सकती है। इस मामले में पुलिस ने पंद्रह संदिग्धों की सूची तैयार की है। बताया गया है कि मनोज दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी के रूप में विभाग में सेवाएं दे रहा था। वह शाहपुर थाना क्षेत्र के बड़झिरी गांव का रहने वाला है।

उल्लेखनीय है कि इससे पहले जिला अस्पताल में करीब अठारह करोड़ से ज्यादा के सरकारी धन के गबन का मामला उजागर हो चुका है।

यहां भी तत्कालीन आरएमओ प्रतीक नवलखे द्वारा विभिन्न कर्मचारियों व फर्जी फर्मों के नाम पर राशि आहरित की गई थी। अब जनजातीय कार्य विभाग में हुए गबन और घोटाले के मामले में एक-एक कर आरोपित सामने आ रहे हैं।

Related Articles

Back to top button