ब्रेकिंग
जनपद कार्यालय बना अखाड़ा! सीईओ ने तीन जनपद सदस्यों पर धमकी और अभद्रता का कराया मामला दर्ज दिल्ली के होटल में भीषण आग, 21 मौतों की खबर से हड़कंप प्यासी मुरैना और पानी में मस्ती! समर वेव वॉटर पार्क पर उठने लगे सवाल मुरैना सगाई पक्की होते ही दूल्हे पर हमला लड़की देखकर लौट रहे युवक को घेरकर बदमाशों ने पीटा, चेन-अंगू... बामौर थाना : तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बुजुर्ग को मारी टक्कर दिमनी थाना : जहरीला पदार्थ खाने से वृद्ध की मौत, जांच शुरू पोरसा थाना : कट्टा लेकर घूम रहे युवक को पुलिस ने दबोचा सगाई की खुशियों के बीच करोड़ों की चोरी से सनसनी बीजेपी नेता के भाई के घर दिनदहाड़े वारदात सरकारी जमीन विवाद में खूनी संघर्ष, फायरिंग में युवक की मौत, दो महिलाएं घायल मुरैना: सबलगढ़ के गुरैमा गांव में भीषण आग, ग्रामीणों की तत्परता से टला बड़ा हादसा
दिल्ली NCR

मनी लांड्रिंग मामले में चित्रा रामकृष्ण को मिली जमानत

नई दिल्ली । नेशनल स्टाक एक्सचेंज (एनएसई) में फोन टैपिंग से जुड़े मनी लांड्रिंग मामले में आरोपित एनएसई की पूर्व चेयरमैन चित्रा रामाकृष्ण को दिल्ली हाई कोर्ट ने गुरुवार को जमानत दे दी। न्यायमूर्ति जसमीत सिंह की पीठ ने यह निर्णय सुनाया है।बता दें कि निचली अदालत द्वारा जमानत देने से इन्कार करने के निर्णय को चित्रा ने चुनौती दी थी। इससे जुड़े सीबीआइ मामले में रामकृष्ण को पहले ही जमानत मिल चुकी है।

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के मुताबिक, फोन टैपिंग का मामला 2009 से 2017 की अवधि का है जब एनएसई के पूर्व सीईओ रवि नारायण, रामकृष्ण, कार्यकारी उपाध्यक्ष रवि वाराणसी, और प्रमुख (परिसर) महेश हल्दीपुर और अन्य ने एनएसई को धोखा देने की साजिश रची थी।एजेंसी ने आरोप लगाया कि उन्होंने एनएसई की साइबर कमजोरियों का अध्ययन करने की आड़ में एनएसई के कर्मचारियों के फोन काल को अवैध रूप से इंटरसेप्ट करने के लिए आइएसईसी सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड को नियुक्त किया। चित्रा रामकृष्ण को पहले सीबीआई ने गिरफ्तार किया था और उसके बाद ईडी ने 14 जुलाई को उन्हें हिरासत में लिया था।

 

Related Articles

Back to top button