ब्रेकिंग
जनपद कार्यालय बना अखाड़ा! सीईओ ने तीन जनपद सदस्यों पर धमकी और अभद्रता का कराया मामला दर्ज दिल्ली के होटल में भीषण आग, 21 मौतों की खबर से हड़कंप प्यासी मुरैना और पानी में मस्ती! समर वेव वॉटर पार्क पर उठने लगे सवाल मुरैना सगाई पक्की होते ही दूल्हे पर हमला लड़की देखकर लौट रहे युवक को घेरकर बदमाशों ने पीटा, चेन-अंगू... बामौर थाना : तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बुजुर्ग को मारी टक्कर दिमनी थाना : जहरीला पदार्थ खाने से वृद्ध की मौत, जांच शुरू पोरसा थाना : कट्टा लेकर घूम रहे युवक को पुलिस ने दबोचा सगाई की खुशियों के बीच करोड़ों की चोरी से सनसनी बीजेपी नेता के भाई के घर दिनदहाड़े वारदात सरकारी जमीन विवाद में खूनी संघर्ष, फायरिंग में युवक की मौत, दो महिलाएं घायल मुरैना: सबलगढ़ के गुरैमा गांव में भीषण आग, ग्रामीणों की तत्परता से टला बड़ा हादसा
मध्यप्रदेश

शिक्षा विभाग ने स्कूलों को लेकर जारी किया नया निर्देश, अब जिला कलेक्टर नहीं ले पाएंगे इस संबंध में फैसला

भोपाल: मध्यप्रदेश के कई जिलों में इन दिनों कड़ाके की ठंड पड़ रही है, जिसके चलते जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। हालात को देखते हुए कई जिलों में स्कूलों के टाइम टेबल में बदलाव किया गया है। लेकिन अब शिक्षा विभाग ने स्कूलों के लिए नई गाइलाइन जारी की है, जिसके तहत जिला कलेक्टर अपनी मर्जी से टाइम टेबल में बदलाव नहीं कर सकेंगे। बता दें कि प्रदेश में 31 दिसंबर से 5 जनवरी तक शीतकालीन अवकाश रहेगा।

शिक्षा विभाग की ओर से जारी नई गाइडलाइन में कहा गया है कि शीतकाल और ग्रीष्मकाल में स्कूल के समय में बदलाव अब कलेक्टर अपने स्तर पर नहीं कर सकेंगे। शीतलहर,कोल्ड-डे और ग्रीष्मकाल में अधिक तापमान, हीट-वेव की स्थिति में स्कूलों के समय परिवर्तन संबंधित आदेश स्वतः संज्ञान लेकर जारी न किए जाएं। पहले स्कूलों में प्रतिनिधियों और अभिभावकों से चर्चा की जाए, फिर आयुक्त लोक शिक्षण या संचालक राज्य शिक्षा केंद्र से सहमति ली जाए।

बता दें कि कड़ाके की ठंड को देखते हुए कई जिले में स्कूलों में टाइम टेबल में बदलाव किया गया था। लेकिन शिक्षा विभाग के निर्देश के बाद अब ये अधिकार जिला कलेक्टर्स के हाथों से छिन गया है।

Related Articles

Back to top button