ब्रेकिंग
मुरैना में 'जहर' पर मेहरबानी: क्या मिलावटखोरों के 'कवच' बन गए हैं अधिकारी गुप्ता? मुरैना पुलिस की 'सेलेक्टिव होली': सच दिखाने वालों से दूरी, वाह-वाही करने वालों पर 'रंग' की बौछार! यूजीसी और आरक्षण को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक इंदौर में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी घोषित मंडला पुलिस की त्वरित कार्रवाई डकैती के पांच आरोपी जबलपुर से गिरफ्तार, रकम एवं उपयोग की गई कार बरामद भिंड के गोहद चौराहा थाना क्षेत्र के बिरखडी गांव के पास तेज़ रफ़्तार ट्रक ने ट्रेक्टर ट्रॉली में मारी... असम में राजधानी एक्सप्रेस से टकराकर 7 हाथियों की मौतः एक घायल; ट्रेन के 5 डिब्बे-इंजन पटरी से उतरे भिंड में रेत माफियाओं पर कार्रवाई के समय रेत माफियाओं ने एसडीएम की गाड़ी को मारी टक्कर बाल-बाल बचे। अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर पोस्ट मेन ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला की समाप्त ग्वालियर पुलिस लाइन के क्वार्टर में प्रधान आरक्षक ने की आत्महत्या, मचा हड़कंप
उत्तराखंड

बद्रीनाथ धाम की दीवार पर दरार से हड़कंप, पुरातत्व विभाग ने शुरू की मरम्मत

देहरादून। उत्तराखंड में जोशीमठ के बाद अब विख्यात तीर्थ स्थल बद्रीनाथ धाम के सिंहद्वार में भी दरार आ गई है। इसकों लेकर प्रशासन की चिंता बढ़ गई है। कुछ दिनों पहले देखी गईं इन दरारों के बारे में लोगों को नहीं बताया गया था। शुरुआत में ऐसी संभावना थी कि दरारें भूधंसाव के कारण हो सकती हैं।

खबरों के अनुसार, अधिकारियों ने टीम भेजकर ग्राउंड सर्वे किया। जिसमें पाया गया कि मंदिर के द्वार पर पड़ी इन दरारो की वजह बारिश और अन्य पर्यावरण से जुड़े फैक्टर हैं। अधीक्षण पुरातत्वविद् (देहरादून सर्कल) मनोज सक्सेना ने टीओआई को बताया, ‘सिंह द्वार की भीतरी दीवार में छोटी दरारें और उभार आए हैं। हमारी टीम ने दीवार पर पत्थरों को जोड़ने वाले लोहे के क्लैंप को तांबे के क्लैंप से बदलकर मरम्मत शुरू कर दी है।’

सिंहद्वार की अंदरूनी दीवार पर छोटे क्रैक पड़े हुए हैं। पुरातत्व विभाग की टीम ने रिपेयरिंग शुरू कर दी है। पत्थरों को आपस में जोड़े रखने के लिए इस्तेमाल किए गए आयरन क्लैम्पस को कॉपर क्लैम्पस से बदला जा रहा है। पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने बताया कि बद्रीनाथ की दीवार पर मामूली सी दरार है जो जमीन के खिसकाव की वजह से पड़ी है। हम इस पर नजर रख रहे हैं।

Related Articles

Back to top button