ब्रेकिंग
जनपद कार्यालय बना अखाड़ा! सीईओ ने तीन जनपद सदस्यों पर धमकी और अभद्रता का कराया मामला दर्ज दिल्ली के होटल में भीषण आग, 21 मौतों की खबर से हड़कंप प्यासी मुरैना और पानी में मस्ती! समर वेव वॉटर पार्क पर उठने लगे सवाल मुरैना सगाई पक्की होते ही दूल्हे पर हमला लड़की देखकर लौट रहे युवक को घेरकर बदमाशों ने पीटा, चेन-अंगू... बामौर थाना : तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बुजुर्ग को मारी टक्कर दिमनी थाना : जहरीला पदार्थ खाने से वृद्ध की मौत, जांच शुरू पोरसा थाना : कट्टा लेकर घूम रहे युवक को पुलिस ने दबोचा सगाई की खुशियों के बीच करोड़ों की चोरी से सनसनी बीजेपी नेता के भाई के घर दिनदहाड़े वारदात सरकारी जमीन विवाद में खूनी संघर्ष, फायरिंग में युवक की मौत, दो महिलाएं घायल मुरैना: सबलगढ़ के गुरैमा गांव में भीषण आग, ग्रामीणों की तत्परता से टला बड़ा हादसा
धार्मिक

शनि देव बनाएंगे शश राजयोग इन 3 राशियों का शुरू होगा अच्छा समय

 ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, ग्रह एक निश्चित समय पर राशि बदलता है। शनि सबसे धीमी गति से चलने वाला ग्रह है। शनि ढाई साल में राशि परिवर्तन करता है। 30 साल बाद शनि कुंभ राशि में हैं और वक्री हैं। शनि 4 नवंबर तक वक्री रहेंगे। उसके बाद मार्गी हो जाएंगे। शनि की सीधी चाल कुछ राशि वालों को अच्छे परिणाम देगी। शनि के मार्गी होने से शश राजयोग बनेगा। जिससे 3 राशियों के जीवन में आर्थिक लाभ, समृद्धि और सुनहरे दिनों की शुरुआत होगी।

वृष राशि

शनि का मार्गी होना वृष राशि के जातकों को बहुत लाभ देगा। शश राजयोग किस्मत खोलेगा। सभी मनोकामनाएं पूरी होंगी। करियर में जोरदार प्रगति करेंगे। जिससे उच्च पद और बड़ी सैलरी मिलेगी। कारोबार का विस्तार होगा। अविवाहितों का विवाह होगा।

सिंह राशि

शश राजयोग सिंह राशि के जातकों के लिए लाभकारी साबित होगा। जीवन में खुशियां बढ़ेंगी। पति-पत्नी के रिश्ते मजबूत होंगे। भौतिक सुख में वृद्धि होगी। आर्थिक पक्ष से भी लाभ मिलेगा। विवादास्पद मामले में सफलता मिलेगी।

कुंभ राशि

शनि की मार्गी चाल कुंभ राशि के जातकों के लिए शुभ समय लेकर आएगी। शनि कुंभ का स्वामी है और इस राशि में गोचर कर रहा है। कुंभ राशि में शनि के गोचर से जातकों का आत्मविश्वास बढ़ेगा। वरिष्ठों से संबंध विकसित होंगे। साझेदारी के काम में सफलता मिल सकती है।

डिसक्लेमर

‘इस लेख में दी गई जानकारी/सामग्री/गणना की प्रामाणिकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। सूचना के विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/धार्मिक मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संकलित करके यह सूचना आप तक प्रेषित की गई हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।’

Related Articles

Back to top button