ब्रेकिंग
जनपद कार्यालय बना अखाड़ा! सीईओ ने तीन जनपद सदस्यों पर धमकी और अभद्रता का कराया मामला दर्ज दिल्ली के होटल में भीषण आग, 21 मौतों की खबर से हड़कंप प्यासी मुरैना और पानी में मस्ती! समर वेव वॉटर पार्क पर उठने लगे सवाल मुरैना सगाई पक्की होते ही दूल्हे पर हमला लड़की देखकर लौट रहे युवक को घेरकर बदमाशों ने पीटा, चेन-अंगू... बामौर थाना : तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बुजुर्ग को मारी टक्कर दिमनी थाना : जहरीला पदार्थ खाने से वृद्ध की मौत, जांच शुरू पोरसा थाना : कट्टा लेकर घूम रहे युवक को पुलिस ने दबोचा सगाई की खुशियों के बीच करोड़ों की चोरी से सनसनी बीजेपी नेता के भाई के घर दिनदहाड़े वारदात सरकारी जमीन विवाद में खूनी संघर्ष, फायरिंग में युवक की मौत, दो महिलाएं घायल मुरैना: सबलगढ़ के गुरैमा गांव में भीषण आग, ग्रामीणों की तत्परता से टला बड़ा हादसा
देश

विश्व हिंदू परिषद सदस्यों को हनुमान चालीसा का पाठ करने से रोका

कर्नाटक में 10 मई को विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। 24 घंटे पहले यानी मंगलवार को बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद ने देशभर में हनुमान चालीसा का पाठ करने का ऐलान किया है। इस बीच, केंद्रीय मंत्री और भाजपा नेता शोभा करंदलाजे को जय श्री राम के नारे लगाते देखा गया। वहीं विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) के सदस्य जब बेंगलुरु के विजय नगर में हनुमान चालीसा का पाठ करने पहुंचे तो चुनाव आयोग की एक टीम ने रोक दिया।चुनाव आयोग के अधिकारियों ने कार्रवाई की चेतावनी दी। उन्होंने वीएचपी सदस्यों से विजयनगर में एक मंदिर के बाहर ‘हनुमान चालीसा’ का पाठ रोकने को कहा।

जब सदस्यों ने हंगामा करना शुरू किया तो आयोग ने कर्नाटक चुनाव के लिए क्षेत्र में धारा 144 सीआरपीसी लगे होने का हवाला दिया। आयोग की टीम ने कहा कि पांच से अधिक लोगों के जमा होने की अनुमति नहीं है। अगर कार्यक्रम जारी रखा तो कार्रवाई की जाएगी।वहीं, वीएचपी के सदस्य अभिषेक ने बताया कि उन्हें और संगठन के अन्य सदस्यों को हनुमान चालीसा का पाठ करने से रोक दिया। उन्होंने कहा कि हमें धारा 144 होने का हवाला दिया गया, लेकिन हम किसी पार्टी का प्रचार नहीं कर रहे थे, जो हमें रोका गया। एक बजरंग भक्त को हनुमान चालीसा से रोकने का मतलब समझ नहीं आया।

दरअसल, कर्नाटक चुनाव में ‘बजरंग बली’ का नाम उस समय उठा, जब कांग्रेस ने पिछले हफ्ते जारी किए गए अपने घोषणापत्र में कहा था कि राज्य में सरकार में आते ही वह बजरंग दल, पीएफआई समेत जाति और धर्म के आधार पर समुदायों के बीच नफरत फैलाने वाले सभी संगठनों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करते हुए बैन लगाएगी। इस ऐलान के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बजरंग दल को बजरंग बली से जोड़ते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा था।

 

Related Articles

Back to top button