ब्रेकिंग
तमिलनाडु से मुरैना तक क्राइम का सफर: ₹19 लाख की चोरी की क्रेटा कार के साथ शातिर गिरफ्तार मुरैना सीएनजी टेस्ट क्या फेल हुआ, सिरफिरे ने पेट्रोल पंप पर गोलियां बरसा दीं एक आरोपी गिरफ्तार थाना अम्बाह: एक्सीडेंट में घायल युवक की इलाज के दौरान मौत थाना टेटरा: सर्पदंश से इलाज के दौरान महिला की दर्दनाक मौत भिंड में स्कूली बस और डंपर की टक्कर, सात बच्चे घायल मुरैना में राठी हॉस्पिटल पर हंगामा: इलाज के दौरान महिला की मौत पुलिस बल मौके पर खाकी की साठगांठ या लाचारी? डायल 112 के सामने से निकलते रहे रेत के ट्रैक्टर, एसपी की सख्ती पर 2 आरक्ष... उज्जैन में 11वीं की छात्रा की संदिग्ध मौत: लव जिहाद के आरोप पर हंगामा, सड़क पर शव रखकर चक्काजाम और अ... मुरैना मेडिकल स्टोरों पर औषधि प्रशासन की कार्रवाई तीन मेडिकल स्टोरों के लाइसेंस निलंबित मुरैना कृष्ण टाउन कॉलोनी में तांडव: घर में घुसकर परिजनों से मारपीट और जान से मारने की खुली धमकी
धार्मिक

जानें क्या होता है रवि पुष्य योग, साल 2024 में इन 3 दिनों में बनेगा यह दुर्लभ योग

इंदौर। हिन्दू ज्योतिष शास्त्र में शुभ योग का विशेष महत्व बताया गया है। पंडित चंद्रशेखर मलतारे के मुताबिक, ज्योतिष में कुल 27 योग होते हैं, जिनका हमारे जीवन में गहरा प्रभाव होता है। इन 27 योग में रवि पुष्य योग का भी विशेष महत्व है और साल 2024 में रवि पुष्य योग सिर्फ 3 बार निर्मित होगा। यहां जानें रवि पुष्य योग कब-कब लगेगा और इसका पौराणिक महत्व क्या है।

3 दिन रहेगा रवि पुष्य योग

  • 09 जून, रविवार को 20:21:21 से 29:22:34 बजे तक
  • 07 जुलाई, रविवार को 05:29:23 से 30:03:36 बजे तक
  • 04 अगस्त, रविवार को 05:44:22 से 13:27:09 बजे तक

रवि पुष्य योग का महत्व

ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक, ज्योतिष शास्त्र में 27 नक्षत्र होते हैं और इसमें 8वें स्थान पर पुष्य नक्षत्र होता है, जो बेहद शुभ होता है। पुष्य नक्षत्र को सभी नक्षत्रों का राजा कहा जाता है। यदि किसी कुंडली में ग्रह नक्षत्रों की विपरीत स्थिति निर्मित हो रही है तो पुष्य नक्षत्र में वे भी अनुकूल हो जाती है। पुष्य नक्षत्र यदि रविवार को होता है तो इसे रवि पुष्य नक्षत्र कहा जाता है, जो काफी शुभ होता है।

रवि पुष्य योग में कभी न करें विवाह

रवि पुष्य योग सभी मांगलिक कार्यों के शुभारंभ के लिए उत्तम माना गया है। रवि पुष्य योग में विवाह को छोड़कर सभी शुभ काम कर सकते हैं। इस दौरान सोना खरीदना, प्रॉपर्टी और वाहन आदि की खरीदारी शुभ होती है। वहीं यंत्र-तंत्र-मंत्र शास्त्र में भी सिद्धि एवं जड़ी-बूटी ग्रहण करने में इस योग का विशेष महत्व होता है। रवि पुष्य योग में रविवार को गाय को गुड़ खिलाना चाहिए और मंदिर में दीपक जलाना चाहिए।

डिसक्लेमर

‘इस लेख में दी गई जानकारी/सामग्री/गणना की प्रामाणिकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। सूचना के विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/धार्मिक मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संकलित करके यह सूचना आप तक प्रेषित की गई हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।’

Related Articles

Back to top button