ब्रेकिंग
मुरैना में 'जहर' पर मेहरबानी: क्या मिलावटखोरों के 'कवच' बन गए हैं अधिकारी गुप्ता? मुरैना पुलिस की 'सेलेक्टिव होली': सच दिखाने वालों से दूरी, वाह-वाही करने वालों पर 'रंग' की बौछार! यूजीसी और आरक्षण को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक इंदौर में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी घोषित मंडला पुलिस की त्वरित कार्रवाई डकैती के पांच आरोपी जबलपुर से गिरफ्तार, रकम एवं उपयोग की गई कार बरामद भिंड के गोहद चौराहा थाना क्षेत्र के बिरखडी गांव के पास तेज़ रफ़्तार ट्रक ने ट्रेक्टर ट्रॉली में मारी... असम में राजधानी एक्सप्रेस से टकराकर 7 हाथियों की मौतः एक घायल; ट्रेन के 5 डिब्बे-इंजन पटरी से उतरे भिंड में रेत माफियाओं पर कार्रवाई के समय रेत माफियाओं ने एसडीएम की गाड़ी को मारी टक्कर बाल-बाल बचे। अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर पोस्ट मेन ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला की समाप्त ग्वालियर पुलिस लाइन के क्वार्टर में प्रधान आरक्षक ने की आत्महत्या, मचा हड़कंप
मध्यप्रदेश

खंडवा में कंचन-कुंदन व पंधाना में छाया-रूपाली में टक्कर

खंडवा । भाजपा द्वारा खंडवा, पंधाना और मांधाता में प्रत्याशियों की घोषणा के बाद जिले की चारों विधानसभा सीटों में दोनों दलों के उम्मीदवारों की स्थिति साफ हो गई है। भाजपा ने इस बार पंधाना और खंडवा विधानसभा सीट पर उम्मीदवार बदलकर महिलाओं को मौका दिया है।

खंडवा से भाजपा ने कंचन तन्वे पर भरोसा जताया तो हाल ही में कांग्रेस से भाजपा में शामिल हुईं छाया मोरे को पंधाना से भाजपा ने टिकट दिया है। इधर मांधाता विधानसभा सीट से एक बार फिर नारायण पटेल को मौका दिया गया है। लंबी कश्मकश के बाद आखिरकार जिले की तीन विधानसभा सीटों पर भाजपा ने शनिवार को उम्मीदवारों की घोषणा कर दी।

दोपहर बाद भाजपा प्रदेश संगठन से आई पांचवीं सूची के बाद खंडवा से तीन बार के विधायक रहे देवेंद्र वर्मा के समर्थकों को बड़ा झटका लगा। विधायक समर्थकों के चेहरे उतर गए। इधर भाजपा से प्रत्याशी घोषित हुईं कंचन तन्वे के समर्थकों ने पटाखे फोड़कर और एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी जताई।

कहीं खुशी तो कहीं गम का माहौल

कंचन मुकेश तन्वे वर्तमान में जिला पंचायत अध्यक्ष के पद पर हैं। खंडवा विधानसभा से टिकट पाने के लिए वे लंबे समय से सक्रिय थीं। एक तरह से खंडवा विधानसभा से कंचन का टिकट तय होने पर कहीं खुशी तो कहीं गम का माहौल रहा।

कुछ इसी तरह की स्थिति पंधाना विधानसभा सीट पर रही। यहां से विधायक रहे राम दांगोरे पर विश्वास जताने की बजाय भाजपा ने पैराशूट कैंडिडेट छाया मोरे को टिकट दे दिया। इससे राम दांगोरे के समर्थकों में असंतोष दिखाई दिया। वहीं, छाया मोरे के समर्थकों में उत्साह रहा। मांधाता विधानसभा सीट से नारायण पटेल का टिकट तय होने पर भी कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाया।

निर्दलीय चुनाव जीता और बनी थी जिला पंचायत अध्यक्ष

भाजपा ने इस बार पंधाना और खंडवा विधानसभा सीट पर उम्मीदवार बदलकर महिला उम्मीदवारों को मौका दिया है। खंडवा में विधायक रहे देवेंद्र वर्मा लगातार चौथी बार टिकट की दावेदारी कर रहे थे लेकिन भाजपा और संघ के अंदरूनी विरोध के चलते उन्हें टिकट नहीं दिया गया।

जबकि जिला पंचायत अध्यक्ष के पद पर दांव लगाकर कंचन तन्वे को मौका दे दिया। जिला पंचायत चुनाव में भाजपा से समर्थन नहीं मिलने पर कंचन ने निर्दलीय चुनाव लड़कर जीत हासिल की थी। हालांकि बाद में पार्टी में उनकी वापसी हो गई।

राम के लिए भारी पड़ा शक्ति प्रदर्शन

पंधाना विधानसभा सीट पर कांग्रेस की उम्मीदवार रूपाली बारे की टक्कर में भाजपा ने महिला उम्मीदवार छाया मोरे को टिकट दिया है। छाया मोरे ने पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस से चुनाव लड़ा था। हालांकि उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। पंधाना विधायक रहे राम दांगोरे दोबारा टिकट पाने की मशक्कत में लगे हुए थे।

टिकट की चाह में राम दांगोरे ने भोपाल में सीएम हाउस में समर्थकों के साथ शक्ति प्रदर्शन तक कर दिया था। चर्चा है कि उनका यही शक्ति प्रदर्शन उनके लिए नुकसानदायक साबित हुआ ।हालांकि पार्टी में गुटबाजी के कारण भी राम को दूसरी बार मौका नहीं मिल सका।

दो विधानसभा में उम्मीदवार रिपीट

इधर मांधाता में कांग्रेस ने जहां राजपूत वोट पाने के लिए उत्तमपाल सिंह को टिकट दिया है। तो भाजपा ने गुर्जर वोट साधने के लिए एक बार फिर नारायण पटेल को मौका दिया। नारायण पटेल ने पिछला विधानसभा चुनाव कांग्रेस छोड़कर भाजपा से लड़ा था और प्रचंड बहुमत से जीत हासिल की थी।

उनके जनसमर्थन के कारण भी पार्टी ने उन्हें दूसरी बार मौका दिया। हरसूद विधानसभा की स्थिति देखें तो यहां कांग्रेस और भाजपा दोनों ही पार्टी ने उम्मीदवारों को दोबारा मौका दिया है। भाजपा से मंत्री रहे विजय शाह के समक्ष कांग्रेस के सुखराम वाल्वे चुनाव लड़ेंगे।

Related Articles

Back to top button