ब्रेकिंग
मुरैना में 'जहर' पर मेहरबानी: क्या मिलावटखोरों के 'कवच' बन गए हैं अधिकारी गुप्ता? मुरैना पुलिस की 'सेलेक्टिव होली': सच दिखाने वालों से दूरी, वाह-वाही करने वालों पर 'रंग' की बौछार! यूजीसी और आरक्षण को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक इंदौर में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी घोषित मंडला पुलिस की त्वरित कार्रवाई डकैती के पांच आरोपी जबलपुर से गिरफ्तार, रकम एवं उपयोग की गई कार बरामद भिंड के गोहद चौराहा थाना क्षेत्र के बिरखडी गांव के पास तेज़ रफ़्तार ट्रक ने ट्रेक्टर ट्रॉली में मारी... असम में राजधानी एक्सप्रेस से टकराकर 7 हाथियों की मौतः एक घायल; ट्रेन के 5 डिब्बे-इंजन पटरी से उतरे भिंड में रेत माफियाओं पर कार्रवाई के समय रेत माफियाओं ने एसडीएम की गाड़ी को मारी टक्कर बाल-बाल बचे। अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर पोस्ट मेन ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला की समाप्त ग्वालियर पुलिस लाइन के क्वार्टर में प्रधान आरक्षक ने की आत्महत्या, मचा हड़कंप
मध्यप्रदेश

बड़गोंदा में लगातार हो रहा बाघ का मूवमेंट, नर्सरी में पर्यटकों ने बनाया वीडियो

महू। महू में एक बार फिर बाघ के मूवमेंट का वीडियो सामने आया है। बाघ फिर से अपने विचरण वाले स्थान बड़गोंदा क्षेत्र में ही नजर आया है। पुलिया से गुजरते हुए कुछ लोगों ने बाघ का वीडियो बनाया, जिसके बाद वन विभाग ने भी बाघ होने की पुष्टि की है। गुरुवार सुबह भी बड़गोंदा नर्सरी में बाघ के होने की पुष्टि हुई है। नर्सरी में बाघ के पग चिह्न मिले हैं। नर्सरी से बाहर निकलते ही यह पुलिया है, जहां बाघ नजर आया है।

महू तहसील में बाघ का मूवमेंट सात मई से जारी है। एक माह से वर्षा के कारण बाघ जंगल में ही था। 15 अगस्त के बाद से फिर से बाघ का मूवमेंट हो रहा है। 15 अगस्त से अब तक बाघ का चार बार मूवमेंट पता चला है। बुधवार रात को ही बड़गोंदा नर्सरी में बाघ के पग चिह्न मिले हैं। इसके साथ ही गुरुवार को एक वीडियो भी बहुप्रसारित हुआ, जिसमें बाघ बड़गोंदा बालाजी मंदिर के पहले नखेरी नदी पर बनी पुलिया पर घूमता नजर आ रहा है। वीडियो सोमवार का बताया जा रहा है। यह वीडियो खरगोन जिले के निवासी कुछ लोगों ने बनाया है।

बड़गोंदा नर्सरी में है अधिक मूवमेंट

गौरतलब है कि महू तहसील में 15 अगस्त से लगातार बाघ का मूवमेंट जारी है। अधिकतम बार बाघ बड़गोंदा नर्सरी में ही नजर आ रहा है। 15 अगस्त को बड़गोंदा नर्सरी के कर्मचारी से बाघ का आमना सामना हुआ। इसके बाद 19 अगस्त को भी नर्सरी के गेट के पास बाघ नजर आया। बुधवार रात फिर से यहां बाघ के पग चिह्न मिले हैं।

Related Articles

Back to top button