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दिल्ली। महंगाई के र्मोचे पर आम आदमी को राहत देने वाली खबर है। खुदरा के बाद अब थोक महंगाई दर में भी गिरावट दर्ज।

थोक मूल्य सूचकांक पर आधारित महंगाई दर दिसंबर महीने में घटकर 4.95 फीसदी पर आ गई थी ऐसे में उम्मीद की जा रही है कि रिजर्व बैंक नीतिगत दर (repo) में वृद्धि के रुख को थाम सकता है। इससे कर्ज की मासिक किस्त (EMI) में तेजी का सिलसिला भी थम सकता है। ब्याज दरों में 0.75% तक की कटौती कर सकता है RBI, नोमुरा का अनुमान जानकारी के लिए बता दें कि वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने सोमवार को जारी बयान में बताया कि खाद्य पदार्थों और कच्चे तेल की कीमतों में कमी के चलते थोक महंगाई दर में गिरावट आई है। आंकड़ों के मुताबिक डब्ल्यूपीआई पर आधारित महंगाई दर दिसंबर में घटकर 4.95 फीसदी पर आ गई है, जबकि नवंबर महीने में यह 5.85 फीसदी और दिसंबर, 2021 में 14.27 फीसदी थी। मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक दिसंबर में खाद्य वस्तुओं की मुद्रास्फीति यानी ऋणात्मक 1.25 फीसदी और ईंधन तथा बिजली की महंगाई 18.09 फीसदी रही है। इसी तरह दिसंबर में विनिर्मित उत्पादों की महंगाई 3.37 फीसदी रही है। बयान के मुताबिक ‘दिसंबर में महंगाई दर में गिरावट मुख्य रूप से खाद्य पदार्थों, खनिज तेलों, कच्चे तेल, प्राकृतिक गैस, खाद्य उत्पादों, वस्त्रों और रसायनों तथा रासायनिक उत्पादों की कीमतों के चलते आई है

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