ब्रेकिंग
मुरैना में 'जहर' पर मेहरबानी: क्या मिलावटखोरों के 'कवच' बन गए हैं अधिकारी गुप्ता? मुरैना पुलिस की 'सेलेक्टिव होली': सच दिखाने वालों से दूरी, वाह-वाही करने वालों पर 'रंग' की बौछार! यूजीसी और आरक्षण को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक इंदौर में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी घोषित मंडला पुलिस की त्वरित कार्रवाई डकैती के पांच आरोपी जबलपुर से गिरफ्तार, रकम एवं उपयोग की गई कार बरामद भिंड के गोहद चौराहा थाना क्षेत्र के बिरखडी गांव के पास तेज़ रफ़्तार ट्रक ने ट्रेक्टर ट्रॉली में मारी... असम में राजधानी एक्सप्रेस से टकराकर 7 हाथियों की मौतः एक घायल; ट्रेन के 5 डिब्बे-इंजन पटरी से उतरे भिंड में रेत माफियाओं पर कार्रवाई के समय रेत माफियाओं ने एसडीएम की गाड़ी को मारी टक्कर बाल-बाल बचे। अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर पोस्ट मेन ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला की समाप्त ग्वालियर पुलिस लाइन के क्वार्टर में प्रधान आरक्षक ने की आत्महत्या, मचा हड़कंप
दिल्ली NCR

गहलोत से नहीं संभल रही सरकार, राजस्थान में मोदी के चेहरे पर लड़ेंगे चुनाव

जयपुर: धर्मेंद्र प्रधान, केंद्रीय शिक्षा मंत्रीराजस्थान में चल रहे सियासी घमासान के बीच केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कांग्रेस सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि सचिन पायलट कांग्रेसी नेता है। कभी-कभी उनसे राम-राम हो जाती है। लेकिन अशोक गहलोत से घर की लड़ाई संभल नहीं रही। इसलिए वह बेवजह दूसरों पर आरोप लगा रहे हैं। जो पूरी तरह गलत है।राजस्थान विधानसभा चुनाव में बीजेपी के चेहरे को लेकर भी अपनी पार्टी का पक्ष रखा। प्रधान ने कहा कि नरेंद्र मोदी दुनिया का सबसे बड़ा चेहरा है। 2023 में उन्हीं के नेतृत्व में राजस्थान में विधानसभा चुनाव लड़ा जाएगा।अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की ओर से प्रोफेसर यशवंतराव केलकर पुरस्कार से नंदकुमार पालवे को सम्मानित किया गया।अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की ओर से प्रोफेसर यशवंतराव केलकर पुरस्कार से नंदकुमार पालवे को सम्मानित किया गया।पायलट से हो जाती है राम-रामधर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि राजस्थान के मुख्यमंत्री द्वारा बेबुनियाद आरोप लगाए जा रहे हैं। जनता ने उन्हें मैंडेट दिया है। सचिन पायलट भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता नहीं है। लेकिन फिर भी कभी-कभी अगर सचिन पायलट मिल जाते हैं। तो उनसे राम-राम हो जाती है। मैं अशोक गहलोत जी का भी सम्मान करता हूं। लेकिन उनके घर के झगड़े को छुपाने के लिए वह बेवजह मुझ पर आरोप लगा रहे हैं। जिससे नाच ना जाने आंगन टेढ़ा वाली कहावत सही साबित होती है।अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के 68 में राष्ट्रीय अधिवेशन में भारत समेत 7 देशों के 2000 से ज्यादा प्रतिनिधि शामिल हुए।ड्राइवर बोला जाने वाली है कांग्रेस सरकारधर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि राजस्थान में कांग्रेस की सरकार के उल्टे दिन शुरू हो चुके हैं। प्रदेश में आम जनता ने मन बना लिया है कि कांग्रेस सरकार को आने वाले चुनाव में सबक सिखाना है। कल रात जब मैं जयपुर पहुंचा, तब टैक्सी ड्राइवर से मैंने राजस्थान सरकार को लेकर सवाल किया। तब उसने कहा कि राजस्थान की कांग्रेस सरकार जाना तय है। यह लोग बहुत बेकार है।प्रधान ने कहा कि राजस्थान में कोई सरकार नहीं है।बल्कि, यहां आपसी लड़ाई करने वाले सत्ता लोलुप लोगों का एक समूह बैठा है। जिनमें आपसी रंजिश चल रही है लगातार भ्रष्टाचार बढ़ रहा है। प्रदेश की जनता ने उन्हें मेंडेड देकर सत्ता में पहुंचाया। लेकिन कांग्रेस के नेता जनता के मैंडेट का अनादर कर रहे हैं।शनिवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की शोभायात्रा अग्रवाल कॉलेज से शुरू होकर शहर के प्रमुख बाजारों में होती हुई अल्बर्ट हॉल पहुंची।राजस्थान में मोदी और कमल के चेहरे पर लड़ेंगे चुनावधर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि हमारी पार्टी में दुनिया का सबसे लोकप्रिय चेहरा नरेंद्र मोदी है। इसलिए राजस्थान का चुनाव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कमल के फूल के निशान पर लड़ा जाएगा। जब वसुंधरा राजे पहली बार मुख्यमंत्री बनी थी। उस वक्त वेंकैया नायडू जी ने जो हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष थे। उन्होंने राजस्थान में तब भी कमल के फूल के निशान पर चुनाव लड़ने की बात कही थीअल्बर्ट हॉल पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का खुला अधिवेशन रखा गया। जहां राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने देश भर से आए कार्यकर्ताओं को संबोधित किया।दरअसल, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की ओर से जयपुर में 68वें राष्ट्रीय अधिवेशन आयोजित किया गया था। जिसके तीसरे दिन यशवंतराव केलकर युवा पुरस्कार समारोह आयोजित किया गया। जिसमें केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान बतौर मुख्य अतिथि के तौर पर मौजूद रहे थे। इससे पहले 25 नवंबर को उद्घाटन सत्र आयोजित किया गया था। जिसमें स्वामी रामदेव शामिल हुए थे। वहीं 26 नवंबर को जयपुर के चारदीवारी में एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने शोभायात्रा निकाली थी। इसके बाद अल्बर्ट हॉल पर खुला अधिवेशन आयोजित किया गया था। जिसमें एबीवीपी के मुख्य वक्ताओं ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया था।

Related Articles

Back to top button