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मध्यप्रदेश

खेतों में पंहुचा गांव का पानी, 150 एकड़ में लगी धान की फसल प्रभावित

नरसिंहपुर: चावरपाठा विकासखंड के अंतर्गत कौड़िया गांव में बारिश का पानी स्थानीय किसानों के लिए परेशानी का सबब बन गया है। अक्टूबर माह तक बेमौसम चक्रवाती मानसूनी बारिश ने किसानों की परेशानी बढ़ा दी थी। अब जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने कारण रबी की खेती भी प्रभावित होने लगी है।निकासी नहीं होने से कई खेतों में डेढ़ फीट तक पानी का भरा है। खेतों में जमे पानी से कौड़िया गांव से लगे कछार क्षेत्र के लगभग 150 एकड़ भूमि प्रभावित हो गई है। खरीफ सीजन में किसानों ने जो धान की फसल लगाई थी वह भी अधिक जलभराव के कारण नष्ट हो गई। इससे किसानों को अधिक नुकसान हुआ है। किसानों ने शासन-प्रशासन सहित स्थानीय नेताओं से इस समस्या को हल करने की गुहार लगाई थी। अब तक जल निकासी नहीं होने के कारण किसान चिंतित हैं। किसानों का कहना है कि खरीफ की फसल तो बर्बाद हो गई है ही, अब रबी की फसल पर भी संकट मंडराने लगा है। जल निकासी नहीं होने से खेती के आसार नहीं दिख रही है। लगभग 150 एकड़ के किसान जलजमाव करण प्रभावित हैं। स्थानीय प्रशासन ने भी अब तक नहीं सुध नहीं ली और ना ही कोई समुचित व्यवस्था बनाई है। किसानों ने बताया कि एसडीएम गाडरवारा एवं नरसिंहपुर होशंगाबाद सांसद राव उदय प्रताप सिंह को भी इस समस्या से अवगत कराया गया है, लेकिन अब तक किसी भी प्रकार की प्रशासनिक मदद नहीं मिली है।

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