ब्रेकिंग
मुरैना में 'जहर' पर मेहरबानी: क्या मिलावटखोरों के 'कवच' बन गए हैं अधिकारी गुप्ता? मुरैना पुलिस की 'सेलेक्टिव होली': सच दिखाने वालों से दूरी, वाह-वाही करने वालों पर 'रंग' की बौछार! यूजीसी और आरक्षण को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक इंदौर में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी घोषित मंडला पुलिस की त्वरित कार्रवाई डकैती के पांच आरोपी जबलपुर से गिरफ्तार, रकम एवं उपयोग की गई कार बरामद भिंड के गोहद चौराहा थाना क्षेत्र के बिरखडी गांव के पास तेज़ रफ़्तार ट्रक ने ट्रेक्टर ट्रॉली में मारी... असम में राजधानी एक्सप्रेस से टकराकर 7 हाथियों की मौतः एक घायल; ट्रेन के 5 डिब्बे-इंजन पटरी से उतरे भिंड में रेत माफियाओं पर कार्रवाई के समय रेत माफियाओं ने एसडीएम की गाड़ी को मारी टक्कर बाल-बाल बचे। अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर पोस्ट मेन ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला की समाप्त ग्वालियर पुलिस लाइन के क्वार्टर में प्रधान आरक्षक ने की आत्महत्या, मचा हड़कंप
मध्यप्रदेश

मुरैना ठेकेदारों और अधिकारियों ने मिलकर पहुंचाई बिजली कम्पनी को करोडों की क्षति

मुरैना बिजली कम्पनी के अधिकारियों भृष्ट कारगुजारियो हुआ खुलासा कम्पनी के प्रबंधक संचालक को शिकायत कर की कार्यवाही की मांग मुरैना,बिजली कम्पनी संभाग मुरैना में ठेकेदारो और अधिकारियों ने मिल कर कम्पनी को करोडों की चपत लगायी गई है। इस का खुलासा सूचना के अधिकार के तहत मिली जानकारी में हुआ है। एक ही संभाग में करोडों का घोटाला तो प्रदेश भर में भी इसी तरह की घपले बाजी कम्पनी अधिकारियों की मिली भगत से ठेकेदारो द्वारा की जारही है। प्रदेश सरकार कम्पनी के कार्यो की निष्पक्ष जांच कराये तो करोडो का घोटाला उजागर हो सकता है ऐसा सूत्रों का मानना है। पुरानी हाउसिंग बोर्ड निवासी आर पी सिंह परमार ने प्रबंधक संचालक म.प्र.मध्य क्षेत्र बिद्युत बितरण कम्पनी प्रा.लि.भोपाल को भेजी शिकायत में बताया गया है। सूचना के अधिकार के तहत प्राप्त मुरैना संभाग प्रथम जानकारी के अनुसार सुपवीजन जमा राशि के अंर्तगत स्वीकृति किये गये ऐसे प्राकलन जिनमें कम्पनी की सामग्री बापिस होनी थी। सामग्री बापिस न लेते हुए कार्य स्थल सुपुर्द कर लाईन चालू करा दी गई और ठेकेदार द्वारा भुगतान भी प्राप्त कर लिया गया हैं। मात्र मुरैना संभाग प्रथम के ही ऐसे 70 प्राकलन है। शिकायत में बताया गया है कि सुपरवीजन अधिकारी द्वारा कार्य पूर्णोउपरांत कार्य स्थल सुपूर्द क्यों नही किया गया। यदि किया गया है तो सामग्री वापिस क्यों नही की गई है। कार्य स्थल सुपर्द व लाईन चालू होने पर ठेकेदार को भुगतान हो गया मगर सामग्री वापिस क्यों नही ली गई।. निमानुसार कार्य पूर्ण होने पर ठेकेदार द्वारा सामग्री को कम्पनी को वापिस किया जाता है मगर अधिकारीओ की मिली भगत से ऐसा न करते हुए ठेकेदारो और अधिकारियों ने कम्पनी की करोडों की सम्पति को खुर्द बुर्द किया गया है।इन के बिरूद्ध नियमानुसार कार्यवाही करते हुए प्राकलन में संलग्न सूची अनुसार सामग्री को वापिस करायी जाये । तथा कम्पनी स्तर पर सभी संभागों के प्राकलनों की जांच करायी जाये।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button