डीएलएस महाविद्यालय की गीता तिवारी ज्ञान रत्न से सम्मानित
बिलासपुर। सदगुरु कबीर की 646 वी जयंती गत दिवस जिला मुख्यालय धमतरी के गोंडवाना भवन के सभागार में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। डीएलएस महाविद्यालय के प्रोफेसर गीता तिवारी ज्ञान रत्न से सम्मानित हुई।
समता साहित्य अकादमी, भारतीय दलित साहित्य अकादमी एवं हिंदी साप्ताहिक छत्तीसगढ़ साथी के संयुक्त तत्वावधान में सदगुरु कबीर जयंती को कौमी एकता दिवस के रूप में मनाया गया। इस एक दिवसीय राज्य आयोजन मे दुर्ग, रायपुर, बिलासपुर, कोरबा, बस्तर और राजनांदगांव जिला से अनेक लोक कलाकार, लोक कवि एवं साहित्यकार उपस्थित थे। आयोजन के मुख्य अतिथि लोह नगरी दल्ली राजहरा से पधारे लोक कलाकार दीनदयाल रंगारी थे। विशिष्ट अतिथि के रूप में समाजसेवी तिलक सोनकर एवं कोरबा की आरपी मंगेशकर उपस्थिति थे। कार्यक्रम की शुरुआत लोक कलाकारों द्वारा स्वागत गान एवं कबीर के निर्गुणी भजन से किया गया।
तत्पश्चात वक्ताओं ने सदगुरु कबीर के जीवन संघर्ष तथा साहित्य व राष्ट्र निर्माण में उसकी अहम भूमिका पर प्रकाश डाला। तत्पश्चात अनेक संस्कृति प्रेमियों और लोक कलाकारों को सांस्कृतिक दूत सम्मान 2023 से तथा साहित्य क्षेत्र में उल्लेखनीय अवदानों के लिए डीएलएस महाविद्यालय में अध्यापन रत हिंदी के प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष प्रो. डॉ. गीता तिवारी को सदगुरु कबीर ज्ञान रत्न सम्मान से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का सफलतापूर्वक संचालन अकादमी के प्रदेश अध्यक्ष व साप्ताहिक छत्तीसगढ़ साथी के संपादक जीआर ज्वाला एवं प्रोफेसर के मुरारी दास ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम का समापन राज्य गान से हुआ. इस आयोजन में डॉ गीता तिवारी के परिजन देवराज तिवारी,संध्या तिवारी, प्रतीक, अनुभा, शीर्ष वर्धन तिवारी उपस्थित थे।




