ब्रेकिंग
मुरैना में 'जहर' पर मेहरबानी: क्या मिलावटखोरों के 'कवच' बन गए हैं अधिकारी गुप्ता? मुरैना पुलिस की 'सेलेक्टिव होली': सच दिखाने वालों से दूरी, वाह-वाही करने वालों पर 'रंग' की बौछार! यूजीसी और आरक्षण को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक इंदौर में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी घोषित मंडला पुलिस की त्वरित कार्रवाई डकैती के पांच आरोपी जबलपुर से गिरफ्तार, रकम एवं उपयोग की गई कार बरामद भिंड के गोहद चौराहा थाना क्षेत्र के बिरखडी गांव के पास तेज़ रफ़्तार ट्रक ने ट्रेक्टर ट्रॉली में मारी... असम में राजधानी एक्सप्रेस से टकराकर 7 हाथियों की मौतः एक घायल; ट्रेन के 5 डिब्बे-इंजन पटरी से उतरे भिंड में रेत माफियाओं पर कार्रवाई के समय रेत माफियाओं ने एसडीएम की गाड़ी को मारी टक्कर बाल-बाल बचे। अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर पोस्ट मेन ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला की समाप्त ग्वालियर पुलिस लाइन के क्वार्टर में प्रधान आरक्षक ने की आत्महत्या, मचा हड़कंप
उत्तरप्रदेश

Chaudhary Charan Singh की पुण्यतिथि पर CM योगी ने दी श्रद्धांजलि, कहा- ‘वंचितों के उत्थान का जो मार्ग दिखाया, वह सभी के लिए अनुकरणीय है

 उत्तर प्रदेश के मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह की 36 वीं पुण्यतिथि पर सोमवार को उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। सीएम ने विधान भवन परिसर में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस समय उनके साथ उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक भी मौजूद रहे। इस दौरान कार्यक्रम को आयोजित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि, गांवों, किसानों, शोषितों और वंचितों के उत्थान के लिए उन्होंने जो मार्ग दिखाए, वे सभी के लिए अनुकरणीय हैं।

बता दें कि, मुख्यमंत्री ने ट्वीट कर कहा कि, ‘‘जननेता, किसानों के मसीहा, पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह की पुण्यतिथि पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि। गांवों, अन्नदाता किसानों, शोषितों और वंचितों के उत्थान के लिए उन्होंने जो मार्ग दिखाए हैं, वे हम सभी के लिए अनुकरणीय हैं।” योगी आदित्यनाथ ने अपने ट्विटर पर पूर्व प्रधानमंत्री को श्रद्धांजलि देते हुए उनकी एक तस्वीर भी साझा। उन्होंने कहा कि चरण सिंह किसानों के हित एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था में व्यापक सुधार के लिए आजीवन समर्पित रहे।

गौरतलब है कि 23 दिसम्बर 1902 को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसान परिवार में जन्मे भारत के पांचवें प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह का 29 मई, 1987 को निधन हुआ था। चौधरी चरण सिंह 28 जुलाई 1979 से 14 जनवरी 1980 तक देश के प्रधानमंत्री रहे। महात्मा गांधी ने जब 1930 में सविनय अवज्ञा आंदोलन का आह्वान किया तो चौधरी चरण सिंह ने हिंडन नदी पर नमक बनाकर आंदोलन में भाग लिया और इसके लिए उन्हें जेल जाना पड़ा। किसान नेता चरण सिंह ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री, देश के गृह मंत्री और वित्त मंत्री समेत कई महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन किया। चरण सिंह के पौत्र जयंत सिंह चौधरी राष्ट्रीय लोकदल के अध्यक्ष और राज्‍यसभा सदस्‍य हैं। चरण सिंह के पुत्र दिवंगत चौधरी अजित सिंह ने राष्ट्रीय लोकदल की स्थापना की थी और वह केन्द्र सरकार में मंत्री भी रहे थे।

Related Articles

Back to top button