ब्रेकिंग
मुरैना में 'जहर' पर मेहरबानी: क्या मिलावटखोरों के 'कवच' बन गए हैं अधिकारी गुप्ता? मुरैना पुलिस की 'सेलेक्टिव होली': सच दिखाने वालों से दूरी, वाह-वाही करने वालों पर 'रंग' की बौछार! यूजीसी और आरक्षण को लेकर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक इंदौर में अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी घोषित मंडला पुलिस की त्वरित कार्रवाई डकैती के पांच आरोपी जबलपुर से गिरफ्तार, रकम एवं उपयोग की गई कार बरामद भिंड के गोहद चौराहा थाना क्षेत्र के बिरखडी गांव के पास तेज़ रफ़्तार ट्रक ने ट्रेक्टर ट्रॉली में मारी... असम में राजधानी एक्सप्रेस से टकराकर 7 हाथियों की मौतः एक घायल; ट्रेन के 5 डिब्बे-इंजन पटरी से उतरे भिंड में रेत माफियाओं पर कार्रवाई के समय रेत माफियाओं ने एसडीएम की गाड़ी को मारी टक्कर बाल-बाल बचे। अधिकारियों की प्रताड़ना से तंग आकर पोस्ट मेन ने फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला की समाप्त ग्वालियर पुलिस लाइन के क्वार्टर में प्रधान आरक्षक ने की आत्महत्या, मचा हड़कंप
मुख्य समाचार

काकोरी काण्ड के महानायक पं राम प्रसाद बिस्मिल के अंतिम शब्द थे अपने मित्र को लिखे पत्र में लिखा।

शहादत से एक दिन पूर्व महान शहीद रामप्रसाद बिस्मिल ने अपने एक मित्र को यह पत्र लिखा - "19 तारीख को जो कुछ होगा मैं उसके लिए सहर्ष तैयार हूं। आत्मा अमर है जो मनुष्य की तरह वस्त्र धारण किया करती है।" यदि देश के हित मरना पड़े, मुझको सहस्रों बार भी। तो भी न मैं इस कष्ट को, निज ध्यान में लाऊं कभी।। हे ईश! भारतवर्ष में, शत बार मेरा जन्म हो। कारण सदा ही मृत्यु का, देशोपकारक कर्म हो।। मरते हैं बिस्मिल, रोशन, लाहिड़ी, अशफ़ाक़ अत्याचार से। होंगे पैदा सैंकड़ों, उनके रुधिर की धार से।। उनके प्रबल उद्योग से, उद्धार होगा देश का। तब नाश होगा सर्वदा, दु:ख शोक के लवलेश का।। सब से मेरा नमस्कार कहिए, तुम्हारा " बिस्मिल

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button