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इंदौर दूषित पानी पीने से पुरा गांव बीमार
इंदौर में केमिकल मिला पानी पीने से पूरा गांव बीमार:35 में डेंगू व मलेरिया के लक्षण, 10 भर्ती इंदौर2 घंटे पहले इंदौर के पास बेटमा के गांव उत्तरसी में बीमारी फैल गई है। अब तक बीते दो-तीन दिनों में 35 से ज्यादा लोग बीमार मिल चुके हैं। संख्या और अधिक है। इन लोगों में सर्दी, बुखार, उल्टी, शरीर में दर्द के लक्षण हैं। इनमें से 10 लोगों को अलग-अलग अस्पतालों में एडमिट किया गया है जिनमें से दो इंदौर के एक प्राइवेट अस्पताल में एडमिट हैं। अचानक एक साथ इतने लोगों के बीमार होने के साथ स्वास्थ्य विभाग हरकत में आ गया है। विभाग ने वहां टीमें भेजकर 40 से ज्यादा लोगों के सैंपल लिए हैं जिनमें से कुछ में डेंगू के लक्षण मिले हैं। मामले में गांव वालों का कहना है कि क्षेत्र की चंबल नदी में किसी फैक्टरी का केमिकल उसमें मिल गया है जिससे लोग बीमार हो रहे हैं। ऐसे केमिकलयुक्त गंदे पानी से लोग हो रहे है बीमार। ऐसे केमिकलयुक्त गंदे पानी से लोग हो रहे है बीमार। करीब ढाई सौ लोगों के आबादी वाले उत्तरसी गांव के लोगों में घबराहट है। उनका कहना है चम्बल नदी में लेबड (धार के पास) की एक निजी कम्पनी द्वारा केमिकल वाला पानी छोड़ा जा रहा है जिससे लोग डेंगू व मलेरिया के शिकार हो रहे हैं। शनिवार को बेटमा स्वास्थ्य विभाग से सीएचओ दीपिका प्रचंड (राठौर), एएनएम सीमा जाट, आशा कार्यकर्ता भावना पोरवाल की टीम गांव में पहुंची। वहां लोगों ने बताया कि उन्हें ठण्ड के साथ बुखार, उल्टी, लूज मोशन, शरीर दर्द के लक्षण हैं। इस गांव के लोगों का दावा है कि उनके गांव में सभी केमिकल वाला पानी पीने को मजबूर हैं। इस गांव के लोगों का दावा है कि उनके गांव में सभी केमिकल वाला पानी पीने को मजबूर हैं। यहां गांव में अर्जुन मीणा, प्रतीक नागर, छगन पटेल, ज्योति नागर, राजेश मीणा, यशोदा नागर, संगीता नागर गीता मीणा, ईश्वर मीणा, सनी मीणा, अजय मीणा, टीना, राधा बाई, भावना नागर, अनिल नागर, शेखर नागर, यश नागर, प्रहलाद पटेल, हरिओम नागर, अंकलेश मीणा, विशाल मीणा सहित अन्य बीमार हैं। टीम ने इनके सहित अन्य लोगों के डेंगू व मलेरिया के सैंपल लिए हैं। हेल्थ टीम ने लिए सैंपल। हेल्थ टीम ने लिए सैंपल। अस्पताल में एडमिट मरीजों के प्लेटलेट्स में कमी इनके अलावा समन्दरसिंह पटेल व दीपक पटेल को इंदौर एक प्राइवेट अस्पताल में एडमिट किया है जबकि सत्यनारायण पोरवाल व भावना को बेटमा के अस्पताल तथा कलाबाई पोरवाल व रोहित पोरवाल को गौतमपुरा के अस्पताल में एडमिट किया गया है। इनमें से कुछ मरीजों की प्लेटलेट्स काफी कम (डेंगू) हो गई है तथा इलाज चल रहा है। गांव के कमल पटेल व अनिल नागर ने बताया कि नदी में मिले केमिकल से पानी दूषित हुआ है। संभवत: इसी कारण लोग बीमार पड़ रहे हैं। सैंपलिंग के लिए ग्रामीणों का लगा रहा तांता। सैंपलिंग के लिए ग्रामीणों का लगा रहा तांता। रिपोर्ट अभी नहीं मिली उधर, जिले में पिछले तीन दिनों से विभिन्न क्षेत्रों से डेंगू के कुल 14 मरीज मिले हैं जिनमें से एक्टिव केस 5 हैं। वैसे इस साल डेंगू के कुल 194 केस मिले जिनमें से 31 बच्चे हैं। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. दौलत पटेल ने बताया कि इनमें हाल ही में बेटमा के कोई मरीज नहीं हैं। उनमें अभी ठण्ड लगने व बुखार के लक्षण हैं। वहां मरीजों के सैंपल लिए गए हैं जिनकी रिपोर्ट अभी नहीं मिली है।


